Publish Date: Wed, 19 Apr 2017 (21:34 IST)
Updated Date: Wed, 19 Apr 2017 (21:42 IST)
नई दिल्ली। नोटबंदी के दौरान बैंकों में जमा हुई भारी राशि में से अघोषित आय को पाकसाफ बनाने के लिए शुरू की गई प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत घोषित आय जमा कराने की समय-सीमा सरकार ने 30 अप्रैल तय कर दी है तथा कहा है कि किसी भी स्थिति में इसे आगे नहीं बढ़ाया जाएगा।
सरकार ने इस योजना में जमा की अंतिम तिथि 31 मार्च 2017 तय की थी। अब वित्त अधिनियम 2016 के धारा 199बी के उपबंध 'सी' के तहत प्रदत्त अधिकारों का उपयोग करते हुए प्रधानमंत्री गरीब कल्याण जमा योजना के उपबंध '5' में उल्लेखित शर्तों को एक अधिसूचना के जरिए संशोधित कर यह अवधि तय की गई है। साथ ही रिजर्व बैंक ने बैंकों से कहा है कि वे योजना के तहत 31 मार्च तक घोषित आय की रसीद रिजर्व बैंक के पास 30 अप्रैल तक का जमा करा दें। यह अवधि भी आगे नहीं बढ़ाई जाएगी।
इस योजना के तहत पुराने 500 रुपए और 1000 रुपए के प्रतिबंधित पुराने नोटों में भी कितनी भी राशि बिना स्रोत बताए जमाए कराने की छूट दी गई थी। इसमें कर, अधिभार और जुर्माना मिलाकर करीब 50 प्रतिशत का भुगतान करना है। इसके साथ ही 25 फीसदी राशि चार वर्ष के लिए फ्रीज की जानी है जिस पर कोई ब्याज नहीं मिलेगा।
इस छूट के तहत घोषित बकाया कर, अधिभार और जुर्माने की रसीद अब अधिकृत बैंकों को रिजर्व बैंक की ई-कुबेर वेबसाइट पर 30 अप्रैल तक अपलोड करनी होगी, क्योंकि उसी के आधार पर बांड लेजर खाता खोला जाएगा। (वार्ता)