Publish Date: Mon, 02 Aug 2021 (16:48 IST)
Updated Date: Mon, 02 Aug 2021 (16:50 IST)
एनडीए सरकार में सहयोगी जनता दल यूनाइटेड के नेता और बिहार के सीएम नीतीश कुमार ने पेगासस जासूसी मामले की जांच की मांग की है।
उन्होंने पेगासस के एक सवाल पर कहा कि 'बिल्कुल जांच होनी चाहिए। टेलीफोन टैपिंग की बात इतने समय से आ रही है, इस पर जरूर बात हो जानी चाहिए, चर्चा हो जानी चाहिए।
नीतीश कुमार ने कहा, 'निश्चित रूप से इस पर मेरी समझ से जांच कर लेनी चाहिए ताकि जो भी सच्चाई हो, सामने आ जाए और कभी भी कोई किसी को डिस्टर्ब करने के लिए, परेशान करने के लिए इस तरह का काम न करे।
'इस मामले में संसद में गतिरोध और ज्वाइंट पार्लियामेंट्री कमेटी की मांग पर नीतीश ने कहा कि यह संसद के अंदर की बात है, लेकिन सरकार की ओर से जवाब दिया गया है। जब जवाब दिया गया तो उसके बाद क्या मामला है, उसकी हम लोगों को पूरे तौर पर जानकारी नहीं है'
गौरतलब है कि कुछ मीडिया ऑर्गेनाइजेशंस ने एक रिपोर्ट प्रकाशित की है जिसमें कहा गया है कि कुछ राजनीतिक नेताओं, सरकारी अधिकारियों, पत्रकारों सहित अनेक भारतीयों की निगरानी करने के लिये इजराइली स्पाइवेयर पेगासस का कथित तौर पर उपयोग किया गया था।
पेगासस जासूसी मुद्दे को लेकर संसद में सरकार और विपक्ष के बीच गतिरोध दूर नहीं हो रहा और सामान्य कामकाज नहीं हो पा रहा। दोनों सदनों में लगातार कार्यवाही टालने की नौबत आ रही है। विपक्ष के हंगामे के कारण सोमवार को भी दोनों सदनों, लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही मंगलवार 11 बजे तक स्थगित करनी पड़ी।
संसद सत्र 19 जुलाई से प्रारंभ हुआ है लेकिन पेगासस मामले और कृषि कानून के मसले पर विपक्षी सांसदों के हंगामे और विरोध की वजह से ज्यादातर समय सदन नहीं चल सका है।