Publish Date: Mon, 12 Jun 2017 (18:16 IST)
Updated Date: Mon, 12 Jun 2017 (18:22 IST)
नई दिल्ली। केंद्रीय बिजली मंत्री पीयूष गोयल ने गोबर से रसोई गैस के उत्पादन की अपार संभावनाओं को देखते हुए देश की बड़ी गोशालाओं में बायोगैस के संयंत्र लगाए जाने की सोमवार को घोषणा की। इससे गोशालाओं की आमदनी होगी तथा देश की ईधन जरूरतों को भी पूरा किया जा सकेगा।
गोयल ने अपने मंत्रालय की तीन वर्ष उपलब्धियों का ब्यौरा देने के लिए यहां बुलाई गई प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि बायोगैस में रसोई गैस के उत्पादन की अपार संभावना है। इसलिए बड़ी गोशालाओं में बायोगैस के संयंत्र लगाए जाएंगे। इससे गोशालाओं की आमदनी होगी तथा देश की ईधन जरूरतों को भी पूरा किया जा सकेगा।
नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के अनुसार, देश में प्रतिवर्ष 50 करोड़ टन बायोमास की उपलब्धता है। मंत्रालय के एक अध्ययन के अनुसार, अकेले कृषि एवं वनोपजों से प्रतिवर्ष 12 से 15 करोड़ टन अतिरिक्त बायोमास उपलब्ध है, जिससे करीब 18000 मेगावॉट बिजली उत्पादित की जा सकती है। (वार्ता)