Publish Date: Sun, 17 Sep 2017 (11:10 IST)
Updated Date: Sun, 17 Sep 2017 (11:36 IST)
केवड़िया। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने नर्मदा नदी पर बने सरदार सरोवर बांध को रविवार को देश को समर्पित किया। आधारशिला रखे जाने के करीब 56 साल बाद यह बांध देश को समर्पित किया गया है।
नर्मदा जिले में बांध स्थल पर पूजा करने के बाद मोदी ने सरदार सरोवर बांध देश को समर्पित करते हुए वहां लगी पट्टिका का अनावरण किया। गौरतलब है कि आज मोदी का जन्मदिन है और वह आज 67 वर्ष के हो गए।
केन्द्रीय मंत्री नितिन गडकरी, गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपानी सहित अन्य विशिष्ट लोग इस अवसर पर उपस्थित थे। नर्मदा नदी पर बने इस बांध को भाजपा के नेता गुजरात की जीवन रेखा कहते हैं।
इस बांध की आधारशिला देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू ने पांच अप्रैल, 1951 को रखी थी। हालांकि, अदालती मुकदमों और इसके कारण विस्थापित हुए ग्रामीणों के प्रदर्शनों के कारण बांध को तैयार होने में 56 साल का समय लग गया।
पिछले एक सप्ताह से भी कम समय में मोदी की यह दूसरी गुजरात यात्रा है। हाल ही में वह जापान के प्रधानमंत्री शिंजो आबे की मेजबानी के लिए यहां आए थे और दोनों ने साथ मिलकर भारत की पहली बुलेट ट्रेन परियोजना की आधारशिला रखी थी।
गौरतलब है कि इस वर्ष के अंत में होने वाले गुजरात विधानसभा चुनावों के मद्देनजर मोदी की यात्राएं बेहद महत्वपूर्ण हो गई हैं।
इससे पहले प्रधानमंत्री मोदी ने इस बात पर जोर दिया था कि यह परियोजना गुजरात की समृद्धि में एक नया अध्याय जोड़ेगी।
मुख्यमंत्री विजय रूपानी का कहना है कि इससे राज्य के किसानों की उत्पादन क्षमता और कृषि आय दोगुनी से भी ज्यादा बढ़ जाएगी।
इस बांध में निर्माण में विभिन्न कारणों से देरी हुई। मेधा पाटकर के नेतृत्व वाली नर्मदा बचाओ आंदोलन इस परियोजना को लेकर पर्यावरण संबंधी और पुनर्वास संबंधी मामलों पर सरकार को उच्चतम न्यायालय तक ले गया था। संस्था ने इसपर 1996 में स्थगनादेश भी ले लिया था।
अदालत ने बांध का काम फिर से शुरू करने का आदेश अक्टूबर 2000 में दिया। इस बांध की ऊंचाई को हाल ही में बढ़ाकर 138.68 मीटर किया गया है। (भाषा)