Webdunia - Bharat's app for daily news and videos

Install App

Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia
webdunia
Advertiesment

PM मोदी 1 जनवरी को 6 जगहों पर रखेंगे 'लाइट हाउस' परियोजना की आधारशिला

हमें फॉलो करें webdunia
बुधवार, 30 दिसंबर 2020 (23:41 IST)
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी अगले साल 1 जनवरी को वैश्विक आवास निर्माण प्रौद्योगिकी प्रतियोगिता-भारत (जीएचटीसी-इंडिया) के तहत 6 राज्यों में 6 स्थानों पर 'लाइट हाउस' परियोजनाओं की आधारशिला रखेंगे।
 
प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से जारी एक बयान के मुताबिक वीडियो कॉन्फ्रेंस से आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री आशा इंडिया यानी 'अफोर्डेबल सस्टेनेबल हाउसिंग एक्सेलरेटर' के विजेताओं की घोषणा भी करेंगे और साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के क्रियान्वयन के लिए उत्कृष्टता का वार्षिक पुरस्कार देंगे।
ALSO READ: किसानों और सरकार के बीच बातचीत खत्म, अगली बैठक 4 जनवरी को, लंगर में शामिल हुए मोदी के मंत्री
इस कार्यक्रम के दौरान मोदी नवप्रर्वतक निर्माण प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में एक नए पाठ्यक्रम की भी शुरुआत करेंगे। इस पाठ्यक्रम का नाम 'नवारितिह' रखा गया है। इस कार्यक्रम में आवासीय और शहरी विकास मंत्री हरदीप सिंह पुरी के अलावा त्रिपुरा, झारखंड, उत्तरप्रदेश, मध्यप्रदेश, गुजरात, तमिलनाडु और आंध्रप्रदेश के मुख्यमंत्री भी शामिल होंगे।
केंद्रीय आवास एवं शहरी मामलों के मंत्रालय ने 2017 को जीएचटीसी-इंडिया के तहत 'लाइट हाउस' परियोजनाओं के निर्माण के लिए पूरे देश में 6 स्‍थानों का चयन करने के लिए राज्‍यों व केंद्रशासित प्रदेशों के लिए एक चुनौती की शुरुआत की थी। मंत्रालय ने इस चुनौती में सक्रिय रूप से भाग लेने के लिए सभी राज्‍यों व केंद्रशासित प्रदेशों को प्रोत्‍साहित किया था तथा निर्धारित मानदंडों के अनुसार सबसे अधिक अंक अर्जित करने वाले 6 राज्‍यों व केंद्रशासित प्रदेशों को 'लाइट हाउस' परियोजनाएं प्रदान करने की घोषणा की थी।
 
इन प्रदेशों को प्रधानमंत्री आवास योजना (पीएमएवाई-शहरी) के दिशा-निर्देशों के अनुसार इन परियोजनाओं के निर्माण के लिए केंद्रीय सहायता उपलब्‍ध कराई गई। इसके अलावा नई प्रौद्योगिकी के उपयोग और अर्थव्‍यवस्‍थाओं से संबंधित मुद्दों से निपटने और अन्‍य संबंधित कारकों के कारण होने वाले किसी अतिरिक्‍त लागत के प्रभाव को दूर करने के लिए प्रौद्योगिकी नवाचार अनुदान (टीआईजी) का भी प्रावधान किया गया था। (भाषा)

Share this Story:

Follow Webdunia Hindi

अगला लेख

Weather Alert : कड़ाके की ठंड की चपेट में उत्तर भारत, अगले कई दिनों तक राहत के कोई आसार नहीं