चिन्मयानंद मामला : छात्रा के दोस्तों से SIT ने की पूछताछ, पिता ने कहा- सोशल मीडिया में कैसे आया वीडियो

सोमवार, 16 सितम्बर 2019 (15:57 IST)
शाहजहांपुर (उप्र)। सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर गठित विशेष जांच दल (SIT) ने शाहजहांपुर में पूर्व केंद्रीय गृह राज्यमंत्री स्वामी चिन्मयानंद पर बलात्कार का आरोप लगाने वाली विधि छात्रा के 3 दोस्तों और उसके कॉलेज के कुछ कर्मचारियों से पूछताछ की।

कथित पीड़िता के पिता ने कहा कि मेरी बेटी ने सबूत के तौर पर चिन्मयानंद का मालिश कराते हुए वीडियो SIT को दिया था, लेकिन एक साजिश के तहत सोशल मीडिया पर यह वीडियो और उसके स्क्रीनशॉट पोस्ट किए जा रहे हैं।
 
सूत्रों के मुताबिक SIT ने छात्रा के जिन मित्रों से पूछताछ की उनमें वह लड़का भी शामिल है जो राजस्थान में उसकी बरामदगी के वक्त उसके साथ था, इसके अलावा पिछले 24 अगस्त को छात्रा ने चिन्मयानंद पर परोक्ष आरोप वाला वीडियो शूट किया था। उस वक्त कार में ये तीनों युवक मौजूद थे। SIT ने इन तीनों युवकों को बयान दर्ज करने के लिए पुलिस लाइन बुलाया था।
 
एसआईटी ने विधि महाविद्यालय के प्रधानाचार्य और चिन्मयानंद के मुमुक्षु आश्रम परिसर में स्थित दूसरे परास्नातक महाविद्यालय के प्रधानाचार्य से भी पूछताछ की। विशेष जांच टीम ने कॉलेज के दो कर्मचारियों को भी पूछताछ के लिए बुलाया।
 
पिता ने कहा सोशल मीडिया में कैसे आया वीडियो : इस बीच स्वामी चिन्मयानंद प्रकरण में कथित पीड़िता के पिता ने कहा कि मेरी बेटी ने साक्ष्य के तौर पर चिन्मयानंद का मालिश कराते हुए वीडियो SIT को दिया था, लेकिन एक साजिश के तहत सोशल मीडिया पर यह वीडियो और उसके स्क्रीनशॉट पोस्ट किए जा रहे हैं।
 
कथित पीड़िता के पिता ने कहा कि सोशल मीडिया पर जो स्क्रीनशॉट और वीडियो पोस्ट किए जा रहे हैं वे साक्ष्य तो मेरी बेटी के ही पास थे। यह एक साजिश है और वह इस मामले को सुप्रीम कोर्ट को भी बताएंगे और पूरे मामले की जांच कराने का अनुरोध करेंगे।

स्वामी ओम ने लगाया साजिश का आरोप : दूसरी ओर रविवार को स्वामी चिन्मयानंद के पक्ष में हिंदू महासभा के तथाकथित नेता ओमजी ने संवाददाताओं से कहा कि उन्होंने 6  दिसंबर को राम मंदिर का निर्माण करने की घोषणा की है, ऐसे में अगर स्वामी चिन्मयानंद को कुछ हो जाता है तो मंदिर निर्माण में रोड़ा पैदा होगा।
 
उन्होंने कहा कि स्वामी चिन्मयानंद पर दर्ज झूठा मुकदमा रद्द होने वाला है। चिन्मयानंद को दुष्कर्म के मामले में फंसाया जा रहा है। कल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को भी फंसाया जाएगा इसलिए वे उत्तरप्रदेश सरकार से चाहते हैं कि चिन्मयानंद के विरुद्ध दुष्कर्म का मामला दर्ज नहीं कराया जाए और यदि दर्ज हो जाता है तो उसे खत्म कराएं।
 
ओम ने कहा कि कथित पीड़िता यहां से जाकर दिल्ली में सोनिया गांधी, राहुल गांधी और प्रियंका गांधी से मिली और उन्हीं के दबाव में स्वामी चिन्मयानंद पर जीरो क्राइम नंबर पर मुकदमा दर्ज कराया गया है।
 
कानून की छात्रा ने लगाए थे गंभीर आरोप : पूर्व केंद्रीय गृह राज्यमंत्री स्वामी चिन्मयानंद पर उन्हीं के कॉलेज में पढ़ने वाली एक कानून की छात्रा ने 24 अगस्त को एक वीडियो वायरल कर गंभीर आरोप लगाए थे।

उच्चतम न्यायालय ने मामले में स्वत: संज्ञान लिया। सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर उत्तर प्रदेश सरकार ने एसआईटी टीम का गठन किया, जो इस पूरे मामले की जांच कर रही है। (Photo courtesy: Social Media)

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