जम्मू-कश्मीर के लिए आठ सूत्री पैकेज
नई दिल्ली , शनिवार, 25 सितम्बर 2010 (23:14 IST)
सुरक्षा मामलों पर मंत्रिमंडल समिति (सीसीएस) की शनिवार की बैठक में जम्मू-कश्मीर के लिए आठ सूत्री पैकेज की घोषणा की।-
पथराव की घटना या आंदोलन के दौरान गिरफ्तार किए गए सभी छात्रों को रिहा किया जाए और उनके खिलाफ आरोपों को समाप्त करने की राज्य सरकार को सलाह।-
जम्मू-कश्मीर सरकार को यह सलाह दी गई है कि वह जल्द से जल्द सभी शैक्षणिक संस्थाओं को खुलवाए।-
जम्मू कश्मीर में स्कूल कालेज जल्द से जल्द खुलवाने के प्रयास करने के साथ शैक्षणिक अनुदान के रूप में राज्य को 100 करोड़ रुपये की सहायता राशि भी दी जाएगी।-11
जून 2010 के बाद राज्य में हिंसा और अशांति के दौरान मारे गए लोगों के परिजनों को पाँच- पाँच लाख रुपए की अनुग्रह राशि देने की घोषणा।-
श्रीनगर सहित राज्य के विभिन्न इलाकों में बंकरों, चौकियों की संख्या कम करने पर भी विचार।-
राज्य की विकास संबंधी आवश्यक्ताओं विशेषकर बुनियादी ढाँचा विकास पर विचार के लिए जम्मू और लद्दाख क्षेत्र के लिए दो टास्क फोर्स का गठन।-
राज्य सरकार को सुरक्षा बलों की फिर से तैनाती पर विचार करने के लिए एकीकृत कमान की बैठक तुरंत बुलाने की सलाह।-
समिति की बैठक में कश्मीर के हालात और सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल की सिफारिशों पर चर्चा के बाद केंद्र की ओर से राज्य सरकार से अशांत क्षेत्र संबंधी अधिसूचना की समीक्षा करने की सलाह। आठ सूत्री पहल सराहनीय : जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने राज्य के लिए केंद्र की आठ सूत्री पहल का स्वागत करते हुए आज कहा कि राज्य की राजनीतिक मुद्दों के हल के लिए यह एक सकारात्मक कदम है। उमर ने कहा कि केंद्र का कश्मीर फार्मूला एक सकारात्मक पहल है जिससे राज्य के राजनीतिक मुद्दों का हल जरूर निकलेगा। (भाषा)