जर्मनी। चांसलर एजेंला मार्कल नीत क्रिश्चियन डेमोक्रेटिक यूनियन (सीडीय) की ओर से बॉन के मेयर पद के उम्मीदवार अशोक श्रीधरन ने चुनाव में शानदार जीत हासिल की और इसके साथ ही वह एक बड़े जर्मन शहर के मेयर बनने वाले भारतीय मूल के पहले व्यक्ति बन गए हैं।
परिणामों के अनुसार 49 वर्षीय श्रीधरन ने बॉन में कल हुए चुनाव में 50.06 प्रतिशत मत अपने खाते में करके पूर्ण बहुमत हासिल कर लिया।
इस शहर में पिछले 21 वर्ष से भी अधिक समय से सोशल डोमेक्रेटिक पार्टी (एसपीडी) सत्ता में थी लेकिन श्रीधरन की जीत ने एसपीडी को इस बार सत्ता से बाहर कर दिया।
श्रीधरन के पिता प्रवासी भारतीय हैं और उनकी मां जर्मन है। वह 21 अक्टूबर को एसपीडी के निवर्तमान मेयर जुआर्गेन न्यमटश से शहर प्रशासन की कमान लेंगे।
श्रीधरन अभी तक पड़ोसी कस्बे कोएनिग्सविंटर के नगरपालिका प्रशासन में सहायक मेयर और कोषाध्यक्ष के तौर पर अपनी सेवाएं दे रहे थे।
चुनाव के पहले दौर में उन्हें पूर्ण बहुमत मिलने और दोनों मुख्य प्रतिद्वंद्वियों के मुकाबले उन्हें मजबूत बढ़त मिलने से राजनीतिक समीक्षक हैरान हैं जिन्होंने चुनाव में कांटे की टक्कर होने की संभावना जताई थी।
श्रीधरन के निकटतम प्रतिद्वंद्वी एसपीडी के रहेन्सट्रॉथ - बॉयर को 23.68 प्रतिशत और ग्रीन पार्टी के टॉम श्मिट को 22.14 प्रतिशत मत मिले।
चुनाव परिणामों के अनुसार शहर में कुल 2,45,000 मतदाताओं में से केवल करीब 45 प्रतिशत मतदाताओं ने मताधिकार का उपयोग किया जबकि 2009 में इससे कहीं अधिक लोगों ने मताधिकार का उपयोग किया था। (भाषा)