Publish Date: Fri, 27 Oct 2017 (10:00 IST)
Updated Date: Fri, 27 Oct 2017 (11:49 IST)
पटना। बिहार में शुक्रवार को उदयमान सूर्य को अर्घ्य अर्पित करने के साथ हीं सूर्योपासना का महापर्व छठ समाप्त हो गया।
राजधानी पटना में आज गंगा नदी के अलावा राज्य के अन्य हिस्सों में लाखों महिला और पुरुष व्रतधारियों ने उगते हुए सूर्य को नदियों और तालाबों में खड़ा होकर अर्घ्य अर्पित किया।
औरंगाबाद जिले के देव में स्थित त्रेतायुगीन सूर्य मंदिर में भी लाखों की संख्या में श्रद्धालुओं ने पूजा अर्चना की और व्रतधारियों ने सूर्य कुंड में अर्घ्य अर्पित किया। इस अवसर पर अत्यंत आकर्षक ढंग से सजाए गए देव के त्रेतायुगीन सूर्य मंदिर में आज सुबह से ही भगवान भास्कर के दर्शन के लिए व्रतधारियों तथा श्रद्धालुओं की लंबी कतार लगी हुई थी।
इस दौरान देश के विभिन्न प्रांतों से आए लाखों श्रद्धालुओं और व्रतधारियों द्वारारा गाए जा रहे कर्णप्रिय छठी मईया के गीतों से पूरा वातावरण गुंजायमान हो गया।
लोक मान्यता है कि देव में पवित्र सूर्य कुंड में स्नान कर भगवान भास्कर को अर्घ्य अर्पित करने और त्रेतायुगीन सूर्य मंदिर में भगवान के दर्शन करने से मनोवांछित कामनाओं की पूर्ति होती है। (वार्ता)