Webdunia - Bharat's app for daily news and videos

Install App

Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia
webdunia
Advertiesment

निर्वस्त्र अवस्था में मिली छात्रा का मामला : आरोपियों के परिजनों ने की जांच की मांग, भीम आर्मी ने दिया धरना

webdunia
  • facebook
  • twitter
  • whatsapp
share
सोमवार, 22 मार्च 2021 (21:00 IST)
शाहजहांपुर (उत्तर प्रदेश)। शाहजहांपुर जिले में अधजली निर्वस्त्र हालत में रोड के किनारे पड़ी मिली स्नातक की छात्रा के मामले में सोमवार को आरोपियों के परिजनों ने मामले की उच्‍चस्‍तरीय जांच कराने की मांग की है, वहीं भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट में धरना देकर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा।

इस मामले में आरोपियों के परिजन आज पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) संजीव बाजपेयी से मिले तथा उन्हें सौंपे गए पत्र में आरोप लगाया कि पीड़िता के बयानों को आधार बनाकर पुलिस ने गलत तरीके से आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा है।

पत्र में कहा गया है कि आरोपी बनाए गए एक युवक की लोकेशन उसके घर पर थी और पीड़िता जिस युवक को घटना में शामिल बता रही है, वह कई महीनों से रुद्रपुर, उत्तराखंड की एक कंपनी में काम कर रहा है। पत्र में दावा किया गया है कि पुलिस उसको वहीं से गिरफ्तार करके लाई है और घटना वाले दिन उसका लोकेशन रुद्रपुर था।

आरोप लगाया गया है कि पीड़िता ने बार-बार बयान बदले हैं और पुलिस को दिए गए बयान में पीड़िता ने पहले अपनी सहेली का जो नाम बताया था उसका वीडियो भी वायरल हुआ लेकिन बाद में उसने अपनी सहेली का नाम कुछ और बताया जिसे पुलिस ने जेल भेज दिया है।

भीम आर्मी एकता मिशन के जिला अध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार गौतम ने कार्यकर्ताओं के साथ कलेक्ट्रेट में धरना दिया और बाद में नगर मजिस्ट्रेट को मुख्यमंत्री के नाम सौंपे ज्ञापन में कहा है कि पुलिस द्वारा निर्दोषों को फंसाया गया है तथा घटना के असली दोषियों को बचाया गया है इसलिए मामले की जांच किसी अन्य एजेंसी से कराई जाए।

पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) संजीव बाजपेयी ने बताया कि परिजन उनसे मिले थे और उनके द्वारा दी गई अर्जी के आधार पर जांच कराकर विधिक कार्रवाई की जाएगी। उल्लेखनीय है कि शहर के स्वामी शुकदेवानंद कॉलेज की स्नातक की छात्रा 22 फरवरी को कॉलेज से 10 किलोमीटर दूर हाईवे के किनारे आधी जली हुई नग्न अवस्था में मिली थी, जिसका अभी भी लखनऊ के सिविल अस्पताल में इलाज चल रहा है।

पीड़िता के द्वारा लखनऊ में मजिस्ट्रेट को दिए गए बयान को आधार मानकर पुलिस ने पिंकी, सुभाष, राजू तथा मनीष कुमार को गिरफ्तार किया है जिन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। इन्‍हीं आरोपियों के परिजनों ने अर्जी देकर जांच की मांग की है।(भाषा)

Share this Story:
  • facebook
  • twitter
  • whatsapp

Follow Webdunia Hindi

अगला लेख

webdunia
LG को ज्यादा पावर देने वाला बिल लोकसभा में पास, CM अरविंद केजरीवाल ने बताया दिल्ली की जनता का अपमान