Publish Date: Fri, 18 Aug 2017 (16:49 IST)
Updated Date: Fri, 18 Aug 2017 (16:54 IST)
15 अगस्त के मौके पर उत्तर प्रदेश सरकार ने प्रदेश में संचालित होने वाले सभी स्कूलों, विद्यालयों सहित मदरसों को भी तिरंगा फहराने का आदेश दिया था। साथ ही स्वतंत्रता दिवस के पूरे कार्यक्रम की वीडियोग्राफी करने का भी आदेश दिया था। सरकार के इस कदम का सिर्फ मुस्लिम संगठनों की तरफ से ही विरोध किया गया था।
वीडियोग्राफी के बाद गुरुवार को योगी सरकार की तरफ से मदरसों पर सख्ती के लिए नया आदेश जारी किया गया है। नए आदेश के तहत उत्तर प्रदेश में संचालित होने वाले सभी मदरसों को ऑनलाइन किया जाएगा। यह कदम योगी सरकार ने मदरसों में होने वाली धांधली को रोकने के लिए उठाया है। इसके लिए सरकार की तरफ से शुक्रवार को एक पोर्टल लॉन्च किया गया है। इस पोर्टल के लॉच होने के बाद मदरसा शिक्षा बोर्ड से जुड़े तमाम मदरसों में होने वाली किसी भी अनियमितता को रोकने में मदद मिलेगी। इस पोर्टल के लॉन्च होने के बाद तमाम मदरसों को ऑनलाइन कर दिया जाएगा, जिसके बाद बड़े स्तर पर धांधली को रोकने में मदद मिलेगी।
इस पोर्टल में राज्य के तमाम अनुदानित और गैर अनुदानित मदरसों को ऑनलाइन किया जाएगा। इसकी मदद से मदरसों की शिक्षा व्यवस्था को सुधारने में भी मदद मिलेगी। साथ ही मदरसों की व्यवस्था को पारदर्शी बनाने में भी सरकार को मदद मिलेगी। पोर्टल के लॉन्च होने बाद वेतन भुगतान, छात्रवृत्ति सहित तमाम दिक्कतों का निपटारा ऑनलाइन किया जाएगा।
ऑनलाइन पोर्टल पर मदरसों की फोटो भी अपलोड की जाएंगी। इसके अलावा वेबसाइट पर शिक्षकों के स्वीकृत पद, तमाम तैनात कर्मचारी और रिक्त पदों का भी ब्योरा उपलब्ध रहेगा। पोर्टल पर तमाम कर्मचारी और शिक्षक वेतन सहित तमाम बिलों के भुगतान के लिए भी आवेदन कर सकते हैं, इसका निपटारा ऑनलाइन करने की भी व्यवस्था की गई है। यही नहीं अधिकारियों की मंजूरी के बाद कर्मचारियों और शिक्षकों के वेतन को भी सीधे उनके खाते में ट्रांसफर किया जाएगा।
इस सब का परिणाम यह होगा की मदरसों में शिक्षा का स्तर ही नहीं सुधरेगा बल्कि वहां होने वाली धांधली पर भी रोक लगेगी और छात्रों को सरकारी योजनाओं का सीधे सीधे लाभ मिलने लगेगा। गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश में कुल 6725 मान्यता प्राप्त मदरसे हैं।