- शैफाली छाबड़ा
कभी पिता को अनुशासन का अर्थ माना जाता था लेकिन बदले हुए वक्त के पापा और डैड अपने बच्चों के करीबी दोस्त बन गए हैं। पिता की भूमिकाएँ भी बदली हैं।पिताजी अब पापा हो गए हैं, डैडी अब डैड बन चुके हैं लेकिन यह महज एक बोलचाल का परिवर्तन नहीं है बल्कि समय के साथ-साथ उनके व्यवहार में भी बदलाव आ चुका है। एक समय पिता को सिर्फ अनुशासन का दूसरा रूप कहा जाता था। लेकिन अब समय बदल चुका है। नया चोला ओढ़े ये पिता अब बच्चों के लिए कठोर अनुशासन की प्रतिमूर्ति ही नहीं रह गए हैं बल्कि उनके अच्छे मित्र भी बनकर उभर रहे हैं। अच्छी बात यह है कि पिता की इस नई भूमिका का समाज में भी स्वागत हो रहा है। यदि आपको अपने बच्चों को कामयाब इंसान बनाना है तो सबसे पहले उन्हें आपके द्वारा समझने की जरूरत है। आधुनिक पिता मानते हैं कि बच्चों के साथ बात करते समय किसी भी प्रकार की दूरियाँ नहीं होनी चाहिए। बदलते दौर में जहाँ दोस्तों के साथ बात करने का समय नहीं मिलता है। वहीं पापा अपने बच्चों के लिए एक अच्छे दोस्त की भूमिका में नजर आने लगे हैं।
पहले संयुक्त परिवारों में बच्चों को किसी न किसी से प्यार व स्नेह मिल जाता था लेकिन अब केवल मॉम और डैड ही हैं जिनके साथ उन्हें रहना होता है। इस कमी को पूरा करने के लिए मॉम-डैड दोनों की ओर से हो कोशिश का नतीजा है कि डैडी बदल गए हैं।
उनका कहना है कि वह भी अपने बच्चों में ही एक अच्छा दोस्त खोज लेते हैं। आज के पापा अपने बच्चों को साथ बैठाकर पढ़ाते हैं तो साथ में खेलने से भी पीछे नहीं हटते। बच्चों के चिकित्सक डॉ. सुदीप गुप्ता का कहना है कि अभिभावकों से अच्छा दोस्त बच्चे के लिए कोई और हो ही नहीं सकता। आधुनिक पापाओं में आए इस बड़े बदलाव पर पूछने पर फरीदाबाद के मनोचिकित्सक डॉ. टीआर जाजोर का कहना है कि देरी से होने वाली शादियों ने पिताओं को ज्यादा जिम्मेदार बना दिया है। देखने में भी आ रहा है कि आजकल शादी की उम्र बढ़ गई है। जिसके कारण युवक दुनियादारी की काफी जानकारी एकत्रित कर लेते हैं जिससे उनका आईक्यू लेवल भी बढ़ जाता है। वह समाज को नजदीकी से समझते हुए एक जिम्मेदार पिता बन जाते हैं। डॉ. जाजोर का कहना है कि एकल परिवार की वजह से भी पिताओं की अपने बच्चों से दूरियाँ घटी हैं। पहले संयुक्त परिवारों में बच्चों को किसी न किसी से प्यार व स्नेह मिल जाता था लेकिन अब केवल मॉम और डैड ही हैं जिनके साथ उन्हें रहना होता है। इस कमी को पूरा करने के लिए मॉम-डैड दोनों की ओर से हो कोशिश का नतीजा है कि डैडी बदल गए हैं।