तिजड़ी पर्व आज
महिलाएँ रखेंगी निर्जला उपवास
सिन्धी समाज मंगलवार को तिजड़ी पर्व मनाने जा रहा है। इसमें महिलाएँ अपने सुहाग की लंबी आयु और कुँवारी कन्याएँ योग्य वर प्राप्ति की कामना लिए दिनभर निर्जला उपवास रखेंगी तथा रात्रि में चंद्रदर्शन के बाद व्रत खोलेंगी।
इस पर्व की शुरुआत अलसुबह 3 से 4 बजे के बीच असुर (सरगी) से हो जाएगी। इसके बाद दिनभर भजन-कीर्तन व कथा के दौर चलेंगे। असुर में महिलाओं द्वारा हल्का-फुल्का आहार बनाकर ग्रहण किया जाता है। इसके बाद शुरू होता है निर्जला उपवास।
इस दौरान तिजड़ी माता रूपी पौधे पर जल चढ़ाकर गौरी माता की पूजा की जाती है। शाम को व्रतधारी महिलाएँ मंदिर अथवा टिकाणे (दरबार) में सामूहिक रूप से तिजड़ी माता की कथा सुनने के बाद रात्रि में चंद्रदर्शन कर व्रत खोलती हैं।