Publish Date: Mon, 17 May 2021 (20:01 IST)
Updated Date: Mon, 17 May 2021 (20:11 IST)
नई दिल्ली: भारतीय गोलकीपर गुरप्रीत सिंह ब्राजील के दिग्गज एलिसन बेकर जैसा हेडर लगाना सीखना चाहते हैं लेकिन जब तक वह इसमें पारंगत होते हैं तब तक वह इसकी जिम्मेदारी अपने कप्तान सुनील छेत्री पर छोड़ना चाहते हैं। लिवरपूल के ब्राजीली गोलकीपर एलिसन के दूसरे हाफ के इंजुरी टाइम में लगाये गये खूबसूरत हेडर से उनकी टीम ने वेस्ट ब्रोमविच को 2-1 से हराया।
गोलकीपरों को मैच के अंतिम क्षणों में इस तरह से गोल करते हुए बहुत कम देखा जाता है। इस मामले में पराग्वे के गोलकीपर जोस लुईस चिलावर्ट का कोई जवाब नहीं था जिन्होंने अपने करियर में आठ अंतरराष्ट्रीय गोल किये।गुरप्रीत ने एआईएफएफ.कॉम से कहा, मैं उनका (बेकर) हेडर बार बार देख रहा हूं। गेंद सही जगह पर पहुंची और उन्होंने बड़ी खूबसूरती से उसे गोल में भेजा। क्या शानदार हेडर था। लेकिन यदि वह नियमित तौर पर इसका अभ्यास कर रहा है तो हमें स्वीकार करना होगा कि यह विशेष है।
गुरप्रीत भी कई अवसरों पर अपनी टीम के आक्रमण में मदद करने के लिये आगे बढ़ जाते हैं और भले ही वह बेताब नहीं है लेकिन मौका मिलने पर इसका पूरा फायदा उठाना चाहते हैं।उन्होंने कहा, 'मैं ऐसा करने के लिये बेताब नहीं हूं। मैं अपने क्लब बेंगलुरू एफसी से कुछ अवसरों पर आक्रमण के लिये आगे बढ़ा था। उससे पहले वाले क्लब के लिये भी मैंने ऐसा किया था। '
गुरप्रीत ने कहा, 'लेकिन यदि टीम को परिस्थिति के अनुसार ऐसी आवश्यकता हो तो फिर कौन जानता है। लेकिन मैं इसे सुनील छेत्री के लिये छोड़ना पसंद करूंगा। वह इस मामले में मुझसे कहीं बेहतर है। मुझे हेडर पर काम करना होगा। '
दो साल पहले फीफा विश्प कप 2022 क्वालीफकेशन में एशियाई चैम्पियन कतर को गोलरहित ड्रॉ पर रोकने में गुरप्रीत की अहम भूमिका थी। इस मैच में गुरप्रीत मैन ऑफ द मैच बने थे। इस मैच के बाद उनकी गोलकीपिंग की काफी तारीफ हुई थी। कप्तान सुनील छेत्री इस मैच में अनुपस्थित थे।
यह मैच देखने के बाद उन्होंने बयान दिया था कि गुरप्रीत के पास एशिया के पास एशिया का सर्वश्रेष्ठ गोलकीपर बनने की प्रतिभा है।हालांकि अब टीम इंडिया की फीफा विश्वकप 2022 में क्वालिफाय करने की संभावना ना के बराबर है क्योंकि एक भी मैच भारतीय टीम अब तक जीत नहीं पायी है।