Publish Date: Sat, 29 Feb 2020 (14:11 IST)
Updated Date: Sat, 29 Feb 2020 (14:19 IST)
मऊ। रेलवे प्रशासन ने गत जनवरी से बंद पूर्वोत्तर रेलवे की 22 रेलगाड़ियों का संचालन 31 मार्च तक रोक दिया है। इन ट्रेनों का संचालन 1 मार्च से शुरू होना था लेकिन घने कोहरे का हवाला देकर मार्च में भी इन ट्रेनों को नहीं चलाने का फैसला किया गया।
गौरतलब है कि सर्दी के मौसम में घने कोहरे को देखते हुए इन ट्रेनों को जनवरी-फरवरी दो माह के लिए बंद किया गया था। इसका संचालन एक मार्च से होना था। लेकिन 29 फरवरी शनिवार को पूर्वोत्तर रेलवे द्वारा इन ट्रेनों को पुनः एक माह 31 मार्च तक घने कोहरे का हवाला देते हुए बंद करने का फरमान जारी किया गया।
क्षेत्रीय रेल यात्री परामर्शदात्री समिति सदस्य श्रीराम जायसवाल ने कहा कि कोहरे का बहाना बनाकर रेल प्रशासन इस क्षेत्र के रेल यात्रियों के साथ भद्दा मजाक किया जा रहा है। जिसे किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। समिति सदस्यों द्वारा इस संबंध में रेल मंत्रालय के साथ ही पीएमओ कार्यालय को ट्वीट किया गया है।
उन्होंने बताया कि बंद रेलगाड़ियों में सबसे महत्वपूर्ण ट्रेन छपरा - वाराणसी सिटी इंटरसिटी एक्सप्रेस, मऊ - लखनऊ जंक्शन इंटरसिटी एक्सप्रेस, छपरा - नौतनवा इंटरसिटी एक्सप्रेस सहित लखनऊ जंक्शन आगरा फोर्ट, हरिद्वार- रामनगर एक्सप्रेस, अमृतसर- लालकुआं, अंबाला -बरौनी जंक्शन एक्सप्रेस, अमृतसर- जयनगर एक्सप्रेस सहित तमाम पूर्वोत्तर रेलवे की महत्वपूर्ण ट्रेनें शामिल हैं।
उन्होंने कहा कि पूर्वोत्तर रेलवे ने कोहरे का हवाला देते हुए 31 मार्च तक ट्रेनों का संचालन स्थगित करने का निर्णय किसी भी दृष्टिकोण से यात्री हित में नजर नहीं आता है।