Publish Date: Thu, 31 Oct 2019 (19:28 IST)
Updated Date: Thu, 31 Oct 2019 (20:52 IST)
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के लखनऊ में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने लौहपुरूष सरदार वल्लभ भाई पटेल को याद करते हुए कहा कि जहां उन्होंने देश की एकता के लिए कदम उठाये थे वहीं सामाजिक सौहार्द के लिए आरएसएस पर पाबंदी लगाने का काम किया था।
अखिलेश ने कहा कि आज आवश्यकता फिर ऐसे नेता की है जो आरएसएस की भड़काऊ विचारधारा पर रोक लगा सके। वे यहीं नहीं रुके उन्होंने कहा कि भाजपा उत्तर प्रदेश में राम राज्य नहीं नाथूराम राज्य चला रही हैं।
सपा प्रमुख ने कहा कि आरएसएस नफरत और समाज बंटवारे का विचार फैलाती है उस पर फिर पाबंदी लगनी चाहिए। उन्होंने कहा की नागरिकों को उनके मूल अधिकारों से वंचित किया जा रहा है। यूपी 100 की व्यवस्था तहस-नहस कर दी गई है।
उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने स्वास्थ्य, शिक्षा की सेवाओं को भी बर्बाद कर दिया है। प्रदेश का किसान कर्ज से लदा है, फांसी लगाकर जान दे रहा है। नौजवान का भविष्य अंधकारमय है। भाजपा ने उत्तर प्रदेश को हत्या प्रदेश बना दिया है। आज लोकतंत्र पर चैतरफा हमला हो रहा है। लोकतंत्र में विपक्ष की रचनात्मक और सार्थक भूमिका को भी सत्तादल कुचलना चाहता है। भाजपा राज में बेटियों और महिलाओं के उत्पीड़न, अत्याचार की पराकाष्ठा है।
भाजपा सरकार न्याय के रास्ते से विरत हो गई है। फर्जी झूठे केसों में नौजवानों को फंसाकर उनकी जिंदगी बर्बाद की जा रही है। समाज में विषमता और नफरत फैलाई जा रही है।