Publish Date: Fri, 05 Jun 2020 (12:26 IST)
Updated Date: Fri, 05 Jun 2020 (12:26 IST)
पूरी दुनिया कोरोना महामारी से जूझ रही है। कोरोना वायरस के इलाज को लेकर तरह-तरह की खबरें सोशल मीडिया पर आती रहती हैं। इन दिनों फेसबुक और ट्विटर पर एक दावा तेजी से फैल रहा है कि इटली में यह खोज हुई है कि कोरोना वायरस एक बैक्टीरिया है और इसका इलाज एस्पिरिन से किया जा सकता है।
क्या है वायरल मैसेज में-
वायरल मैसेजेस में कहा जा रहा है कि इटली के डॉक्टरों ने कोरोना संक्रमण से मरने वाले लोगों का अटॉप्सी किया, जिसमें यह पाया गया कि उनकी मौत का कारण वायरल नहीं बल्कि बैक्टीरिया है। बैक्टीरिया के कारण मरीज के शरीर में खून के थक्के बनने लगते हैं, जिसके कारण उनकी मौत हो जाती है। इसलिए डॉक्टरों का दावा है कि एस्पिरिन से इसका इलाज हो सकता है।
क्या है सच-
भारत सरकार की प्रेस इंफॉर्मेशन ब्यूरो (PIB) ने वायरल दावे को खारिज किया है। PIB फैक्ट चेक के ट्विटर हैंडल से लिखा गया है कि विश्व स्वास्थ्य संगठन के मुताबिक, कोरोना वायरस एक वायरस है और इसका इलाज अभी तक नहीं मिल पाया है।
वेबदुनिया की पड़ताल में पाया गया है कि COVID-19 बैक्टीरिया नहीं, बल्कि वायरस है और एस्पिरिन से इसके इलाज का दावा फर्जी है।