हमारे युवा साथियों को तुक्के लगाने की बड़ी आदत होती है। कुछ पता हो चाहे न हो, बस तुक्का लगा दो और छुटकारा पाओ। लग गया तो ठीक वरना क्या फर्क पड़ता है। इस बार बत्ती गुल के सिलसिले में ऐसे ही कुछ तुक्केबाजों से मुलाकात हुई। आगे का हाल आप खुद ही पढ़ लीजिए।
प्रश्न : 2012 के ओलिम्पिक खेल किस देश में होने वाले हैं?
1- ब्रिटेन, 2- चीन, 3- अमेरिका, 4- भारत
सबसे पहले हम मिले सोनम गौर से। सोनम ने बड़ी शांति से हमारा प्रश्न सुना और फिर कहा कि आप ऑप्शन्स भी देते हैं ना? (हाँ जी क्यों नहीं, ऑप्शन्स के बिना काम ही कहाँ चलता है।) ऑप्शन सुनने के बाद भी बाद इनके चेहरे पर कोई भाव नहीं आए। थोड़ा कन्फ्यूज होते हुए इन्होंने चीन का नाम लिया। (कारण?) मुझे लगता है चीन ही होगा बस इसलिए। (वाह क्या जवाब है) आपकी बत्ती तो गुल।
फिर हमें दो भाई मिले, राहुल प्रजापत और अमित प्रजापत। ये भी एडमिशन के लिए फॉर्म भर रहे थे। पहले हमने राहुल से प्रश्न पूछा। पूछते ही इन्होंने दाँतों तले उँगली दबा ली। फिर कुछ सोचकर जवाब दिया- चीन। फिर यह भी जोड़ा कि भारत में तो ओलिम्पिक हो चुके हैं अब चीन में होंगे ओलिम्पिक (भारत में ओलिम्पिक? कब हो गए भाई।)। कमाल का जवाब है आपका। इनकी बत्ती भी गुल।
इन्हीं के साथ बैठी आरती प्रजापति से प्रश्न पूछने पर वे साइड में देखते हुए न जाने क्या बड़बड़ाने लगीं। बहुत कोशिशों के बावजूद मुझे तो समझ नहीं आया कि आखिर वे क्या बोलना चाह रही थीं। खैर, फाइनली इन्होंने कहा कि भारत में होंगे। कारण पूछने पर फिर वही जवाब मिला। सिर्फ गैस किया है। परीक्षा चल रही है, पेपर पढ़ने का समय ही कहाँ मिल पाता है, सो इनकी भी बत्ती गुल।
अमित आपके अनुसार उत्तर क्या होगा? अमित पहले तो थोड़ा-सा कन्फ्यूज हुए फिर थोड़ी देर बाद किसी निष्कर्ष पर पहुंच कर बोले ब्रिटेन में होंगे अगले ओलिम्पिक। (आपको कैसे पता?) बस यूँ ही अंदाजा लगाया। (लीजिए एक और तुक्केबाज) तो पक्का ब्रिटेन ही सही जवाब है? हाँ, डन! (वाह तुक्के में भी इतना आत्मविश्वास)। तुक्के से इनकी बत्ती जल गई।
फिर हमें मिले राहुल प्रजापति। वे कोई फॉर्म भरने में व्यस्त थे। हाँ, तो राहुल आपका जवाब क्या है? ऑप्शंस सुनते ही इन्होंने चीन का नाम लिया। क्यों? क्योंकि अभी ज्यादातर खेल वहीं जो हो रहे हैं। (भाई साहब आपने इस बारे में कहीं सुना या पढ़ा है?) वे मुस्कराते हुए मेरा मुँह ताकने लगे। इनकी मुस्कुराहट से साफ जाहिर था कि ये भी तुक्का ही लगा रहे थे। वो सुबह-सुबह कॉलेज होता है तो पेपर नहीं पढ़ पाता। इनकी भी गुल हुई बत्ती। हमारे एक तुक्केबाज का तीर निशाने पर लग ही गया। 2012 में होने वाले ओलिम्पिक खेल लंदन (ब्रिटेन) में होने वाले हैं। वहाँ बहुत सारी तैयारियाँ हो चुकी हैं और लंदन ओलिम्पिक को लेकर बहुत उत्साह भी है।