Publish Date: Mon, 22 Jan 2024 (10:42 IST)
Updated Date: Mon, 22 Jan 2024 (10:51 IST)
अयोध्या में 500 साल के लंबे संघर्ष के बाद आज रामलला की प्राण प्रतिष्ठा भव्य राममंदिर में होने जा रही है। रामलला की प्राण प्रतिष्ठा को लेकर पूरी अयोध्या राममय हो गई है। आज जब अयोध्या में भव्य राममंदिर बनकर तैयार हो गया है तब राममंदिर आंदोलन के प्रमुख चेहरे विनय कटियार भी रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के साक्षी बनने जा रहे है।
राममंदिर आंदोलन से पूरे देश में सुर्खियों में आए हिंदुत्व के फायर ब्रांड नेता विनय कटियार अयोध्या (फैजाबाद) लोकसभा सीट से तीन बार सांसद भी रह चुके है। राम मंदिर आंदोलन के लिए आरएसएस ने 1984 में बजरंग दल का गठन किया गया था और पहले अध्यक्ष के तौर पर उसकी कमान विनय कटियार को सौंपी थी। विजय कटियार के नेतृत्व में बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने राममंदिर आंदोलन को घर-घर तक पहुंचाया था।
राममंदिर आंदोलन के नायक विनय कटियार से वेबदुनिया ने 22 जनवरी को रामलला की प्राण प्रतिष्ठा और राममंदिर आंदोलन को लेकर खास बातचीत की।
वेबदुनिया से बातचीत में विनय कटियार कहते हैं कि आज प्राण प्रतिष्ठा समारोह को लेकर पूरी अयोध्या राममय है, हर ओर राम नाम की गूंज है। वह कहते हैं कि कि राममंदिर के लिए जो लड़ाई लड़ेगी वह आज सफल हुई और आज राममंदिर में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा हो रही है।
विनय कटियार कहते हैं कि अयोध्या ही नहीं, आसपास का पूरा क्षेत्र राममय है। प्राण प्रतिष्ठा में सभी लोग शामिल हो रहे है और रामनाम का गीत गा रहे है। रामलला की प्राण प्रतिष्ठा को लेकर उनको सुखद अनुभूति हो रही है। रामलला की प्राण प्रतिष्ठा को देखकर एक रामभक्त होने के नाते प्रसन्नका हो रही है औऱ अच्छा लग रहा है।
वहीं राममंदिर आंदोलन को याद करते हुए विनय कटियार कहते हैं कि अगर राममंदिर आंदोलन नहीं चलता तो आज जो हम देख रहे है वह नहीं हो पाता। राममंदिर के लिए राम भक्तों ने बलिदान किया है। सगे भाईयों शरद कोठारी और रामकुमार कोठारी का बलिदान हुआ है।
वहीं रामलला की प्राण प्रतिष्ठा समारोह में कांग्रेस के शामिल नहीं होने पर विनय कटियार कहते हैं कि कांग्रेस आज कोई पार्टी नहीं है। वहीं शंकराचार्य के नहीं शामिल होने पर उन्होंने कहा कि वह संत है इसलिए उनके बारे में कोई टिप्पणी नहीं करेंगे।