Publish Date: Sun, 22 Mar 2020 (23:14 IST)
Updated Date: Sun, 22 Mar 2020 (23:15 IST)
बीजिंग। घातक कोरोना वायरस का मुकाबला करने के तौर-तरीके ढूंढने में दुनियाभर के वैज्ञानिकों के जुट जाने के बीच चीन ने इसके टीके के लिए क्लीनिकल ट्रायल का पहला चरण शुरू किया है। रिकॉर्ड से यह पता चला है।
यह परीक्षण ऐसे वक्त शुरू हुआ है जब अमेरिका के स्वास्थ्य अधिकारियों ने पिछले सप्ताह कहा था कि उन्होंने सिएटल में संभावित टीके का परीक्षण किया है।
सत्रह मार्च को देश के क्लीनिकल ट्रायल रजिस्ट्री में जमा किए गए दस्तावेजों के अनुसार चीन का प्रयास 16 मार्च को शुरू हुआ जिसके साल के आखिर तक चलने की संभावना है। उसी दिन अमेरिका ने भी इसकी घोषणा की थी।
सरकारी धन से प्रायोजित इस परियोजना से जुड़े एक सदस्य ने कहा कि कोविड-19 के पहले चरण के ट्रायल के स्वयंसेवकों ने पहले से ही टीके लेने शुरू कर दिए हैं।
इसमें 18 से 60 साल तक के 108 लोग भाग लेंगे और उनका तीन समूहों में परीक्षण किया जाएगा। उन्हें अलग-अलग डोज दिया जाएगा। वे सभी वुहान के नागरिक हैं जहां नया कोरोना वायरस पिछले साल आखिर में सामने आया था।
कोविड-19 महामारी फैलने के बाद सरकारों ने सुरक्षा उपाय बढ़ा दिए थे और दुनियाभर में दवा कंपनियां एवं अनुसंधान प्रयोगशालाएं पूरी तरह जुटी हुई हैं।
फिलहाल इस नई बीमारी के लिए कोई मान्य टीका या दवा नहीं है। इस बीमारी के चलते दुनिया में अब तक 13000 से अधिक लोगों की जान जा चुकी है।