Publish Date: Sat, 25 Nov 2017 (14:19 IST)
Updated Date: Sat, 25 Nov 2017 (14:22 IST)
अहमदाबाद। पाटीदार आरक्षण आंदोलन समिति (पास) के नेता हार्दिक पटेल ने शनिवार को कहा कि उन्होंने उच्च पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों और गुप्तचर अधिकारियों के कहने के बाद वाई श्रेणी की सुरक्षा लेना स्वीकार कर लिया है।
यह सुरक्षा देने के निर्णय के एक दिन बाद केंद्रीय सुरक्षा बलों की एक टीम ने आज अहमदाबाद के शीलज स्थित उनके आवास का सर्वे किया। हार्दिक ने बाद में कहा कि पहले उन्होंने राज्य सरकार की सुरक्षा लेने से इंकार कर दिया था पर बाद में उन्हें आईएएस/आईपीएस और आईबी के उच्च अधिकारियों ने इस बारे में समझाया और उन्होंने इसे स्वीकार कर लिया है। शनिवार को उनके घर का सर्वे किया गया और रविवार या सोमवार से यह सुरक्षा व्यवस्था लागू हो जाएगी।
समझा जाता है कि यह अथवा ऐसी ही एक टीम उनके वीरमगाम स्थित पैतृक निवास तथा अन्य संबंधित स्थानों आदि का भी दौरा कर सकती है। यह सुरक्षा सर्वे कर संबंधित जरूरतों के बारे में रिपोर्ट संबंधित प्राधिकारी को देगी और उसके हिसाब से उनकी सुरक्षा व्यवस्था की जाएगी।
ज्ञातव्य है कि हार्दिक साथ केंद्रीय अर्धसैनिक बल के जवानों का एक दल तैनात रहेगा। राज्य सरकार की ओर से एक पुलिसकर्मी की सुरक्षा को सरकार की ओर से जासूसी का प्रयास करार देते हुए इसे ठुकरा देने वाले पास नेता की जान को खतरे के बारे में केंद्रीय गुप्तचर ब्यूरो की कथित रिपोर्ट के बाद उन्हें वाई श्रेणी की सुरक्षा देने का फैसला हुआ है और हार्दिक ने भी कथित तौर पर इसके लिए अपनी सहमति दे दी है।
एक अधिकारी ने कहा कि इस बारे में जल्द ही औपचारिकता पूरी की जा सकती है और उसके बाद केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल के 11 जवान और एक अधिकारी उनके साथ तैनात रहेंगे। गुजरात में सत्तारूढ़ भाजपा का विधानसभा चुनाव के दौरान खुलेआम विरोध कर रहे हार्दिक ने कांग्रेस को परोक्ष समर्थन देने की बात हाल ही में की है। (वार्ता)