Publish Date: Thu, 10 Mar 2022 (09:44 IST)
Updated Date: Thu, 10 Mar 2022 (09:48 IST)
Holashtak 2022: आज 10 मार्च 2022 गुरुवार से होलाष्टक प्रारंभ हो गया है। होलाष्टक के दौरान सभी शुभ और मांगलिक कार्यों को करना वर्जित माना गया है, क्योंकि इस दौरान सभी ग्रह अपनी उग्रावस्था में होते हैं और मौसम में भी भारी बदलाव होता है। इसीलिए इस दिन प्रमुख रूप से 10 कार्यों पर रोक लगा दी जाती है। आओ जानते हैं कि वे 10 कार्य कौनसे हैं और होलाष्टक कब से कब तक रहेगा।
कब से कब तक है होलाष्टक : 10 मार्च 2022 गुरुवार से होलाष्टक प्रारंभ हो रहा है, जो होलिका दहन यानी 17 मार्च की रात्रि तक रहेगा। इस बीच खरमास 15 मार्च से प्रारंभ हो जाएगा जो 14 अप्रैल तक रहेगा। ऐसे में प्रमुख रूप से 10 कार्यों पर प्रतिबंध रहेगा।
होलाष्टक और 2022 में नहीं होंगे ये 10 कार्य:
1. विवाह करना
2. वाहन खरीदना
3. घर खरीदना
4. भूमि पूजन
5. गृहप्रवेश
6. 16 संस्कार
7. यज्ञ, हवन या होम
8. नया व्यापार शुरु करना
9. नए वस्त्र या कोई वस्तु खरीदना
10. यात्रा करना
होलाष्टक के दिन क्या करना चाहिए- Holashtak me kya karna chahiye :
1. होलाष्टक में पूजा-पाठ करने और भगवान का स्मरण भजन करने से शुभ फल की प्राप्ति होती है।
2. मान्यता है कि होलाष्टक में कुछ विशेष उपाय करने से कई प्रकार के लाभ प्राप्त किए जा सकते हैं।
3. होलाष्टक के दौरान श्रीसूक्त व मंगल ऋण मोचन स्त्रोत का पाठ करना चाहिए जिससे आर्थिक संकट समाप्त होकर कर्ज मुक्ति मिलती है।
4. होलाष्टक के दौरान भगवान नृसिंह और हनुमानजी की पूजा करना चाहिए।
5. होलाष्टक के दौरान श्रीकृष्ण की की पूजा के साथ ही इस दौरान लड्डू गोपाल का पूजन कर संतान गोपाल मंत्र का जाप या गोपाल सहस्त्र नाम पाठ करवा कर अंत में शुद्ध घी व मिश्री से हवन करेंगे तो शीघ्र संतान प्राप्ति होती है।
6. होलाष्टक के दौरान किए गए व्रत और दिए गए दान से जीवन के कष्टों से मुक्ति मिलती है।
7. रोग से बचने के लिए शिव पूवा और महामृत्युंजय मंत्र का अनुष्ठान प्रारम्भ करवाएं, बाद में हवन करें।
8. विजय प्राप्ति हेतु आदित्यहृदय स्त्रोत, सुंदरकांड का पाठ या बगलामुखी मंत्र का जाप करें।
9. परिवार की समृद्धि, सुख शांति हेतु रामरक्षास्तोत्र, हनुमान चालीसा व विष्णु सहस्त्रनाम का पाठ करें।
10. अपार धन-संपदा के लिए गुड़, कनेर के पुष्प, हल्दी की गांठ व पीली सरसों से हवन करें।
11. करियर में चमकदार सफलता के लिए जौ, तिल व शकर से हवन करें।
12. कन्या के विवाह हेतु-कात्यायनी मंत्रों का इन दिनों जाप करें।
13. सौभाग्य की प्राप्ति के लिए चावल,घी, केसर से हवन करें।
14. बच्चों का पढाई में मन नहीं लग रहा है तो गणपति अथर्वशीर्ष का पाठ करें। फिर मोदक व दूर्वा से हवन करें।
15. नवग्रह की कृपा प्राप्ति हेतु भगवान शिव का पंचामृत अभिषेक करें।