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जिस ‘स्वेज नहर’ में जहाज फंसा था, वहां 4 साल से अकेला फंसा है ये ‘शख्स’

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शनिवार, 10 अप्रैल 2021 (15:27 IST)
पिछले दिनों स्‍वेज नहर में जाम लगने और एक जहाज के फंस जाने की खबर पूरी दुनिया में चर्चा में आई थी। इसके बाद एक महिला पायलट को इसका जिम्‍मेदार बताया गया था। लेकिन आपको यह जानकर हैरानी होगी कि इसी नहर में एक शख्‍स करीब 4 सालों से फंसा हुआ है।

एक मीड‍िया रिपोर्ट के अनुसार, ये शख्स नहर में मौजूद अपने जहाज के साथ फंसा हुआ है, जो कहीं भी नहीं जा पा रहा। इस शख्स का नाम मोहम्मद आयशा है, जो सीरियाई नागरिक बताया जाता है।

मोहम्मद बीते चार साल के एक कार्गो शिप पर सवार हैं और स्वेज नहर में ही फंसा हुआ है। एमवी अमान जहाज का चीफ अफसर मोहम्मद आयशा साल 2017 से ऐसे ही अपने जहाज पर इस नहर में फंसा हुआ है। हालांकि वह कभी-कभी तैरकर किनारे पहुंचते हैं, लेकिन जमीन पर रहने के लिए नहीं बल्कि खाना-पानी लाने के लिए।

गंदगी से भरे और बिना बिजली वाले जहाज में फंसे मोहम्मद मदद की गुहार लगा रहे हैं। उनका कहना है कि वह तमाम मुश्किलों के साथ इस जहाज में रहने को मजबूर हैं। यहां रात के समय कब्रिस्तान जैसा लगता है। ना कोई आवाज सुनाई देती है ना ही कोई रौशनी दिखाई देती है। लेकिन उनके यहां फंसे होने के पीछे एक कारण भी है।
रिपोर्ट के अनुसार, मोहम्मद के जहाज को सुरक्षा उपकरणों और कागजों में दिक्कत के चलते पकड़ा गया था।

वह एक नाविक हैं। उस समय जहाज में कैप्टन नहीं था, जिसके बाद मिस्र की अदालत ने मोहम्मद को ही जहाज का कानूनी संरक्षक बता दिया। जिसके बाद से वो यहां फंसा हुआ है। उनका पासपोर्ट तक जब्त कर लिया गया है।


अंतरराष्ट्रीय श्रम संगठन का कहना है कि अभी इस तरह के सक्रिय मामले 250 हैं। नाविकों को अकेला छोड़ने के मामले कम होने के बजाय बढ़ रहे हैं। इससे पता चलता है कि जहाज के मालिक मुश्किल वक्त में क्रू के सदस्यों की मदद करने के बजाय उन्हें मुश्किलों के बीच ऐसे ही छोड़ देते हैं।

स्‍वेज नहर में जाम की खबर आने के बाद अब मोहम्मद आयशा की कहानी एक बार फिर दुनिया के सामने दोहराई जा रही है, जिन्हें बीते चार में भुला दिया गया है। जहाज के कानूनी संरक्षक बनाए गए मोहम्मद आयशा को लेकर जहाज के मालिक ने सिर्फ इतना कहा कि उनके हाथ में कुछ नहीं है और उन्होंने पूरी कोशिश की है।

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