Publish Date: Mon, 06 Jul 2020 (16:53 IST)
Updated Date: Mon, 06 Jul 2020 (16:59 IST)
काठमांडू। नेपाल ने सोमवार को 6 महीने बाद चीन के साथ अपने सबसे महत्वपूर्ण सीमा व्यापार मार्ग को फिर से खोल दिया। कोरोनावायरस महामारी के कारण इसे बंद कर दिया गया था। नेपाली अधिकारियों ने इसकी जानकारी दी है।
चीन और नेपाल के बीच सीमा पार व्यापार के लिए 2 प्रमुख मार्ग हैं। इनमें से एक है रासुवागाढी-केरुंग सीमा पार केंद्र। दूसरा सीमापार व्यापार मार्ग तातोपाणि-झांगमू है जिसे 2 महीने बंद रखने के बाद मार्च अंत में खोल दिया गया था। अधिकारी ने कहा कि फिलहाल दोनों देशों के बीच केवल एक तरफ से माल परिवहन की शुरुआत की गई है। तिब्बत के केरुंग में जो माल अटका हुआ था, वह सोमवार को खोले गए सीमा बिंदु से अब नेपाल में पहुंचने लगा है।
उन्होंने कहा कि रासुवागाढी सीमा बिंदु को अभी केवल एकतरफा माल के लिए खोला गया है। चीन से नेपाल में माल पहुंचाने के लिए ही इसे खोला गया है। इस सीमापार रास्ते से कोई मानवीय आवागमन नहीं होगा। अधिकारी ने कहा कि दोतरफा परिवहन सुविधा और लोगों का आवागमन कुछ समय बाद शुरू किया जाएगा।
अधिकारी ने कहा कि इस रास्ते से 120 टन माल रोजाना चीन से नेपाल पहुंचेगा। इस रास्ते से चीन को फल, तैयार माल, इलेक्ट्रॉनिक सामान, दूरसंचार और जल विद्युत परियोजनाओं के लिए उपकरण नेपाल में भेजे जाएंगे। यह सीमापार रास्ता कोविड-19 के कारण जनवरी में ही बंद कर दिया गया था।
नेपाल में कोरोनावायरस से संक्रमितों का आंकड़ा रविवार को 293 नए मामले सामने आने के साथ ही बढ़कर 15,784 तक पहुंच गया। नेपाल में कोविड-19 से अब तक 32 लोगों की मौत हो चुकी है। खतरनाक कोरोनावायरस बीमारी की शुरुआत चीन के बुहान शहर से दिसंबर 2019 में हुई थी। चीन में इस बीमारी से संक्रमित लोगों का आंकड़ा 83,553 तक पहुंचा जबकि 4,634 लोगों की इससे मौत हुई। (भाषा)