Publish Date: Mon, 08 Jan 2018 (15:20 IST)
Updated Date: Mon, 08 Jan 2018 (15:22 IST)
हैदराबाद। पूर्व भारतीय कप्तान मोहम्मद अजहरुद्दीन को हैदराबाद क्रिकेट संघ (एचसीए) की विशेष आम बैठक (एसजीएम) में प्रवेश नहीं दिया गया, जिसके बाद उन्होंने राज्य क्रिकेट संघ को जमकर लताड़ा है। राजीव गांधी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में रविवार को हुई एसजीएम में अजहरुद्दीन को प्रवेश नहीं दिया गया था।
पूर्व क्रिकेटर ने आरोप लगाया कि उन्हें यहां एक घंटे तक इंतजार भी कराया गया और उनका अपमान किया गया। एसजीएम में उस समय ड्रामा और बढ़ गया जब अध्यक्ष डॉ. जी. विवेकानंद के अजहर को एसजीएम में प्रवेश नहीं दिये जाने पर पूर्व कप्तान के समर्थकों ने वहां नारेबाजी शुरू कर दी।
हालांकि कांग्रेस नेता वी. हनुमंता राव के अनुरोध और दबाव के बाद अजहर को बैठक में शामिल होने की अनुमति दे दी गई। अजहर ने बाद में पत्रकारों से कहा कि जब मुझ पर बैन था तब मैंने एचसीए में प्रवेश नहीं किया लेकिन अब भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने मेरे ऊपर से निलंबन हटा दिया है और कोई भी मुझे बैठक में हिस्सा लेने से नहीं रोक सकता है।
भारतीय क्रिकेट टीम के सबसे सफल कप्तानों में एक अज़हर ने अपने अपमान का आरोप लगाते हुए कहा कि मुझे करीब एक घंटे तक इंतजार कराया गया और बैठक में पहले जाने की अनुमति ही नहीं दी गई। मैंने 10 वर्षों तक भारतीय टीम की कप्तानी की है। उन्होंने कहा कि एचसीए में अब सब कुछ असंवैधानिक हो गया है। अजहर ने कहा कि एचसीए के मौजूदा पदाधिकारी ही लोढा समिति की सिफारिशों का उल्लंघन कर रहे हैं और उसकी वहज से क्रिकेटरों को ही सबसे अधिक नुकसान हो रहा है। (वार्ता)