Publish Date: Thu, 01 Aug 2019 (17:14 IST)
Updated Date: Thu, 01 Aug 2019 (17:19 IST)
बर्मिंघम। इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया के बीच एशेज सीरीज के गुरुवार से शुरू हुए पहले टेस्ट मैच के साथ ही आईसीसी की बहुप्रतीक्षित विश्व टेस्ट चैंपियनशिप का भी शुभारंभ हो गया।
टेस्ट क्रिकेट को लोकप्रिय बनाने के लिए इसकी शुरुआत की गई है, जो 2 साल के चक्र में खेली जाएगी और इसका पहला मैच एजबस्टन में 1 अगस्त से ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के बीच हो रहा है। यह चैंपियनशिप 31 मार्च 2021 तक चलेगी और शीर्ष 2 टीमें 10 से 14 जून 2021 तक होने वाले फाइनल में भिड़ेंगी।
इस चक्र के दौरान 12 पूर्ण सदस्य देशों में से 9 देश 27 सीरीजों में मुकाबला करेंगे। इन 9 टीमों में ऑस्ट्रेलिया, बांग्लादेश, इंग्लैंड, भारत, पाकिस्तान, न्यूजीलैंड, दक्षिण अफ्रीका, श्रीलंका और वेस्टइंडीज हैं। इस चैंपियनशिप के दौरान टीमें घरेलू और बाहरी आधार पर 3-3 सीरीज खेलेंगी। प्रत्येक सीरीज में कम से कम 2 और अधिकतम 5 टेस्ट होंगे। हर सीरीज के आधार पर टीमों को अंक दिए जाएंगे।
लेकिन सीरीज में अंकों का बंटवारा कुछ अलग अंदाज में होगा। 5 टेस्टों की एशेज सीरीज के लिए हर जीत पर 24 अंक दिए जाएंगे और 2 टेस्टों की सीरीज में हर जीत पर 60 अंक दिए जाएंगे। 3 टेस्टों की सीरीज में हर जीत पर 40 अंक और 4 टेस्टों की सीरीज में हर जीत पर 30 अंक दिए जाएंगे।
इसी तरह 2, 3, 4 और 5 मैचों की सीरीज में ड्रॉ और टाई पर अलग-अलग अंक रखे गए हैं। हारने पर कोई अंक नहीं है। हर सीरीज में कुल 120 अंक रहेंगे। लीग चरण की समाप्ति के बाद अंक तालिका में शीर्ष पर रहने वाली 2 टीमें फाइनल खेलेंगी।
एशेज के गुरुवार से यहां एजबस्टन में हो रहे पहले मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया ने टॉस जीतने के बाद इंग्लैंड के खिलाफ पहले बल्लेबाजी का फैसला किया और इस टेस्ट चैंपियनशिप का भी प्रारंभ कर दिया। भारतीय क्रिकेट टीम विराट कोहली की अगुवाई में वेस्टइंडीज के खिलाफ 22 अगस्त से विश्व चैंपियनशिप की शुरुआत नॉर्थ साउंड में करेगी। दोनों टीमों के बीच 2 टेस्टों की सीरीज खेली जानी है। (वार्ता)
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Publish Date: Thu, 01 Aug 2019 (17:14 IST)
Updated Date: Thu, 01 Aug 2019 (17:19 IST)