Publish Date: Sun, 02 Jun 2019 (10:28 IST)
Updated Date: Sun, 02 Jun 2019 (10:35 IST)
इंदौर। डॉक्टरों ने यहां एक सरकारी अस्पताल में जटिल सर्जरी के जरिए 14 वर्षीय लड़की का कृत्रिम यौनांग तैयार किया है। दुर्लभ जन्मजात विकृति के कारण लड़की के शरीर में यह अंग ही नहीं था।
शासकीय महाराजा यशवंतराव होलकर चिकित्सालय (एमवायएच) के शिशु शल्य चिकित्सा विभाग के सहायक प्रोफेसर अशोक लड्ढा ने शनिवार को बताया कि करीब 10 डॉक्टरों की टीम ने 7 दिन पहले विशेष सर्जरी के जरिए किशोरी का कृत्रिम यौनांग तैयार किया। इस सर्जरी में लगभग 5 घंटे लगे। मेडिकल शब्दावली में इस सर्जरी को 'वजाइनोप्लास्टी' कहा जाता है।
लड्ढा ने बताया कि सर्जरी के दौरान सबसे पहले लड़की के पेट से आंत का एक हिस्सा काटा गया। इसकी मदद से उसका कृत्रिम यौनांग तैयार किया गया। उन्होंने बताया कि सर्जरी के बाद किशोरी की हालत पर लगातार 7 दिन तक निगाह रखी गई। इसके बाद उसे एमवायएच से शनिवार को छुट्टी दी गई।
लड्ढा ने बताया कि शरीर में यौनांग नहीं होने से किशोरी भारी मानसिक दबाव से गुजर रही थी। वर्ष 2005 में जन्मी लड़की के शरीर में उसकी पैदाइश से यौनांग के अलावा मलद्वार भी नहीं था। उसकी 1 साल की उम्र तक एमवायएच में 3 सिलसिलेवार सर्जरी की गई जिनके जरिए उसका कृत्रिम मलद्वार बनाया गया था। (भाषा)