Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia
webdunia
Advertiesment

छतरपुर में जलसंकट, महिलाओं ने बुंदेली गीत के माध्यम से लगाई मदद की गुहार

हमें फॉलो करें छतरपुर में जलसंकट, महिलाओं ने बुंदेली गीत के माध्यम से लगाई मदद की गुहार

कीर्ति राजेश चौरसिया

, रविवार, 1 मई 2022 (11:57 IST)
छतरपुर। सूखा पर गाओ है (65) पैंसठ की साल में पानी नाईयाँ कुआं-ताल में.. छतरपुर जिला भीषण जल संकट से जूझ रहा है। जिसके चलते लोग बूंद-बूंद पानी के लिए लाख जतन कर रहे हैं। जिले के ग्रामीण अंचलों जहां बुनियादी सुविधाओं का टोटा है वहां के हाल बेहाल हैं।
 
खजुराहो लोकसभा, राजनगर विधानसभा क्षेत्र और छतरपुर पन्ना बॉर्डर केन नदी किनारे बसे कई गांव के ग्रामीण पानी के लिए अप्रैल के महीने से ही मोहताज होने लगे हैं जो पानी की तलाश और जतन में दर-दर भटकने को मजबूर हो रहे हैं।
 

बुंदेली गीत से गुहार : छतरपुर जिले के ग्रामीण अंचल के "टोरिया टेक" गांव की महिलाएं बुंदेली गीत के माध्यम से प्रदेश के मुखिया मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से मदद की गुहार लगा रहीं हैं। यहां ग्रामीणों और महिलाओं की मांग है कि उनके पानी का इंतज़ाम किया जाये और केन नदी में पानी प्लांट लगाकर सरकार हमें जल संकट से निजात दिलाये।
 
गीत के बोल हैं-  पर गई है सूखा की साल में पानी नईयाँ कुआं ताल में... जेठ हमारे जानत नाईयाँ ताल-तलैया बाँधत नाईयाँ, निर्बल पानी बरसत नाईयां... सूखा पर गाओ है (65) पैंसठ की साल में पानी नाईयाँ कुआं-ताल में... एक चीज की ललचा रे गई, मनसा पूरन कर दईयो, बखरी में नल लगवा दईयो...जब नल वारे पईसा मांगे ससुर को नांव लिखा दईयो..
 

Share this Story:

Follow Webdunia Hindi

अगला लेख

बड़ी खबर, अपडेटेड ITR दाखिल करने के लिए भारत होगा RTR-U फॉर्म