Webdunia - Bharat's app for daily news and videos

Install App

Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia
webdunia
Advertiesment

दिल्ली में 1 जनवरी तक सभी तरह के पटाखों के उत्पादन, बिक्री और उपयोग पर प्रतिबंध

हमें फॉलो करें webdunia
बुधवार, 7 सितम्बर 2022 (19:29 IST)
नई दिल्ली। दिल्ली सरकार ने 1 जनवरी 2023 तक शहर में सभी तरह के पटाखों के उत्पादन, बिक्री और उपयोग पर पाबंदी की घोषणा की है जिसके बाद पर्यावरणविदों ने कहा कि आतिशबाजी से हवा प्रदूषित होती है लेकिन सालभर वायु प्रदूषण के और भी कारक होते हैं, जैसे परिवहन, उद्योगों, निर्माण कार्यों तथा तापीय विद्युत संयंत्रों जैसे स्रोतों से भी प्रदूषण होता है।
 
ग्रीनपीस इंडिया के अविनाश चंचल ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण के लिए मौजूदा योजनाओं को लागू करने तथा उन्हें और मजबूत करने के लिहाज से सख्त नियामक कार्रवाई जरूरी है और इस बात में कोई संदेह नहीं है कि आतिशबाजी के बाद सांस लेने के लिहाज से हवा प्रदूषित हो जाती है और मौजूदा वायु प्रदूषण के स्तर को कम करने के लिए सख्त और तत्काल कार्रवाई जरूरी हैं। लेकिन परिवहन, उद्योगों, निर्माण कार्यों तथा तापीय विद्युत संयंत्रों जैसे स्रोतों से भी प्रदूषण होता है और ये सब सालभर वायु गुणवत्ता को सामूहिक रूप से खराब करने के लिए जिम्मेदार हैं।
 
दिल्ली सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी में 28 सितंबर से 1 जनवरी के बीच पटाखों की बिक्री और आतिशबाजी पर पूरी तरह रोक लगाने का आदेश दिया है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के आंकड़ों के अनुसार दिल्ली में 5 साल में दिवाली के बाद सबसे खराब वायु गुणवत्ता नवंबर 2021 में दर्ज की गई थी। तब आतिशबाजी और पराली जलाने की घटनाओं की वजह से वायु गुणवत्ता सूचकांक का 24 घंटे का औसत 'गंभीर' श्रेणी (462) में पहुंच गया था।
 
पर्यावरणविद् भवरीन कंधारी ने कहा कि आतिशबाजी के उत्पादन, बिक्री और उपयोग पर पूरे साल रोक रहनी चाहिए। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार केवल एक निश्चित अवधि के लिए इस तरह के प्रतिबंध क्यों लगाती है? इन योजनाओं को धरातल पर लागू कराने के लिए कोई अधिकारी या कार्यकर्ता नहीं होते। जिन्हें आतिशबाजी का स्टॉक जमा करना था, वो अब तक कर चुके होंगे और इसे खत्म करने के लिए सस्ते दामों पर बेचेंगे।
 
दिल्ली पुलिस ने पिछले साल दिवाली के दौरान (29 सितंबर से 4 नवंबर तक) 281 लोगों को गिरफ्तार किया था जिनमें 138 को पटाखे बेचने और उनकी आपूर्ति के लिए तथा 143 को आतिशबाजी करने के लिए पकड़ा गया था। उस दौरान कुल 19,702.489 किलोग्राम पटाखे जब्त किए गए थे। दिल्ली के पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने इस बाबत घोषणा करते हुए बुधवार को कहा कि राष्ट्रीय राजधानी में 1 जनवरी 2023 तक सभी प्रकार के पटाखों के उत्पादन, भंडारण, बिक्री और उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।(भाषा)

Share this Story:

Follow Webdunia Hindi

अगला लेख

मध्यप्रदेश में सिकुड़ी पीले सोने की खेती, किसान नेताओं का घटिया बीज की बिक्री का आरोप