TRAI‍ के एक आदेश से केबल टीवी देखना हो जाएगा महंगा, जानिए कितने पैसे पड़ेंगे चुकाने...

बुधवार, 26 दिसंबर 2018 (16:19 IST)
टेलीकॉम रेग्युलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया (TRAI) के एक आदेश से 29 दिसंबर से नया केबल टीवी में नया टैरिफ सिस्टम लागू होने जा रहा है। इस आदेश के बाद आपको केबल टीवी देखने के ज्यादा पैसे चुकाने पड़ सकते हैं। ट्राई ने सभी मल्टी सर्विस ऑपरेटर्स और लोकल केबल ऑपरेटर्स को नियम लागू करने के लिए कहा है। अगर आप अलग-अलग चैनल्स देखते हैं या फिर ज्यादा चैनल्स को देखना पसंद करते हैं तो आपको ज्यादा पैसे चुकाने पड़ सकते हैं। जानिए क्या है नया नियम और कितने पैसे चुकाने पड़ेंगे।
 
नए टैरिफ नियम के तहत उपभोक्ता पर कोई भी चैनल थोपा नहीं जा सकता है। ग्राहकों को उन्हीं चैनल के लिए भुगतान करना होगा, जिन्हें वे देखना चाहते हैं। नया टैरिफ सिस्टम आने के बाद सभी चैनल अलग-अलग या फिर एक बुके में उपलब्ध होंगे। यूजर अपनी पसंद के अनुसार अपने चैनल का चुनाव कर सकते हैं। इसके साथ ही इलेक्ट्रॉनिक प्रोग्राम गाइड के जरिए टीवी स्क्रीन पर प्रत्येक चैनल की कीमत भी नजर आएगी।
 
क्या बढ़ेगा महीने का खर्च : उपभोक्ता को नेटवर्क कैपेसिटी फीस के रूप में हर महीने 130 रुपए चुकाने होंगे जिसमें 100 चैनल्स मिलेंगे। 100 चैनलों में ग्राहक की मर्जी के 65 फ्री टू एयर चैनल भी सम्मिलित होंगे। इसमें दूरदर्शन के 23 चैनल, तीन म्यूजिक चैनल, तीन न्यूज चैनल और तीन मूवी चैनल शामिल होंगे। इसके अतिरिक्त अगर वे और चैनल चाहते हैं तो उन्हें अगले 25 चैनलों के लिए 20 रुपए अतिरिक्त देने होंगे। इसके साथ जो चैनल्स आप चुनेंगे उनकी तय कीमत जुड़ आएगी। ट्राई ने चैनलों की कीमत 1 से 19 रुपए के बीच निर्धारित की है।
 
अलग-अलग चैनल के ज्यादा पैसे : अगर अपनी सुविधा के अनुसार चैनल चुनते हैं तो यह हो सकता है कि इसकी कीमत तो आपको यह सस्ता पड़े, लेकिन अगर आप अलग-अलग चैनल्स देखते हैं या फिर ज्यादा चैनल्स को देखना पसंद करते हैं तो आपको तो यह आपके जेब पर भारी पड़ सकता है।

ट्राई के मुताबिक ब्रॉडकास्ट ऑडिएंस रिसर्च काउंसिल (BARC) द्वारा दिए गए दर्शकों के पैटर्न के अनुसार 80 प्रतिशत ग्राहक 40 या उससे कम चैनल्स को देखते हैं। यदि कोई उपभोक्ता सोच-समझकर चैनल का चुनाव करता है तो हर महीने से कम चार्ज देना पड़ेगा।
 
मिलेगी यह सुविधा : सभी केबल और डीटीएच सर्विस प्रोवाइडर्स को आदेश दिया गया है कि वे उपभोक्ताओं को वेबसाइट के जरिए चैनल चुनने और ऑनलाइन पेमेंट करने की सुविधा दे। वेबसाइट पर चैनलों की लिस्ट और कीमत उपलब्ध होगी। इसके अलावा ग्राहक कॉल सेंट के जरिए भी चैनल का चुनाव कर सकते हैं। 

नए टैरिफ प्लान के नियम से हर प्लेटफॉर्म पर सभी ब्रॉडकास्टर्स द्वारा चैनलों की घोषित कीमत समान होगी। यानी उपभोक्ता अलग-अलग सर्विस प्रोवाइडर्स के एक चैनल देख रहे हैं तो उनका भुगतान भी समान होगा।

वेबदुनिया पर पढ़ें

सम्बंधित जानकारी

विज्ञापन
जीवनसंगी की तलाश है? तो आज ही भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें- निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

अगला लेख बैंक क्षेत्र के लिए परेशानी भरा रहा 2018, एनपीए-इस्तीफों का बोलबाला