Publish Date: Wed, 15 Jun 2016 (11:04 IST)
Updated Date: Wed, 15 Jun 2016 (11:11 IST)
नई दिल्ली। दिल्ली में अप्रत्याशित बिजली कटौती को देखते हुए केजरीवाल सरकार ने रिलायंस एडीएजी के प्रमुख अनिल अंबानी को तलब किया है। गौरतलब है कि रिलायंस एनर्जी की तीन बिजली कंपनियां बीएसईएस, बीआरपीएल और बीवाईपीएल दिल्ली को बिजली सप्लाई करती हैं।
दिल्ली के बिजली मंत्री सत्येंद्र जैन ने इस बारे में अंबानी को पत्र लिखा है और उनसे बैठक के लिए अगले सप्ताह दिल्ली आने को कहा है। पत्र में आरोप लगाया गया है कि सरकार से कड़ी चेतावनी मिलने के बाद इन डिस्कॉम ने आंकड़ों में ‘हेराफेरी’ शुरू कर दी है ताकि बिजली वितरण में सुधार दिखाया जा सके।
ये कंपनियां राष्ट्रीय राजधानी की लगभग 70 प्रतिशत बिजली मांग को पूरा करती हैं। बीएसईएस की इकाइयां बीआरपीएल (बीएसईएस राजधानी पावर लिमिटेड) तथा बीवाईपीएल (बीएसईएस यमुना पावर लिमिटेड) क्रमश: लगभग 12 लाख व 16 लाख ग्राहकों को बिजली आपूर्ति करती है। राष्ट्रीय राजधानी के बिजली क्षेत्र का 2002 में निजीकरण किया गया था।
जैन ने लिखा है कि बीएसईएस का प्रदर्शन अब तक खराब रहा है अपेक्षा थी कि आप राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में विश्व स्तरीय प्रणाली स्थापित करेंगे और शुल्क दरों में कमी लाएंगे लेकिन आप इसमें अब तक विफल रहे हैं। आपकी कंपनियों द्वारा धन की हेराफेरी सहित वित्तीय अनियमितताओं व भ्रष्टाचार के भी आरोप हैं।
उन्होंने कहा है कि बार बार बैठकों तथा बीएसईएस के वरिष्ठ अधिकारियों को चेतावनी के बावजूद बिजली की स्थिति में सुधार नहीं हुआ है। अगर 10 बार कटौती होती है तो आपकी कंपनी की दैनिक रपट में उसे केवल सात दिखाया जाता और तीन को जानबूझकर छुपा लिया जाता है।
पत्र के अनुसार, 'सरकार ने अनिल अंबानी से आग्रह किया कि वे तत्काल आकर अधोहस्ताक्षरकर्ता से बैठक करें ताकि हालात में सुधार के लिए आपकी किसी ठोस योजना पर चर्चा हो।'