Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia
webdunia

भारतीय विदेश मंत्रालय का बांग्लादेश से अनुरोध, अल्पसंख्यकों से संबंधित घटनाओं की करे गहन जांच

Advertiesment
हमें फॉलो करें Minister of State for External Affairs

वेबदुनिया न्यूज डेस्क

, शुक्रवार, 4 अप्रैल 2025 (12:57 IST)
नई दिल्ली। सरकार ने बताया कि 5 अगस्त, 2024 से 23 मार्च तक बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों से संबंधित 2,400 से अधिक घटनाएं सामने आई हैं और उम्मीद है कि पड़ोसी देश इन मामलों कीगहन जांच करेगा और इनमें से किसी भी घटना कोराजनीति से प्रेरित कहे बिना सभी अपराधियों को न्याय के कटघरे में लाएगा।ALSO READ: मोहम्मद यूनुस ने तोड़ा शेख हसीना का सपना, भारत के मुकाबले चीन को क्यों तरजीह दे रहा है बांग्लादेश
 
विदेश राज्यमंत्री कीर्तिवर्धन सिंह ने राज्यसभा को एक प्रश्न के लिखित उत्तर में गुरुवार को यह जानकारी दी। विदेश मंत्रालय से पूछा गया था कि क्या भारत सरकार ने बांग्लादेश में हिंदुओं के मानवाधिकार उल्लंघन का संज्ञान लिया है? उन्होंने कहा कि भारत सरकार ने बांग्लादेश में हिंदुओं और अन्य अल्पसंख्यकों के मानवाधिकारों के उल्लंघन की घटनाओं पर ध्यान दिया है और विभिन्न अवसरों पर बांग्लादेश सरकार के साथ इस मुद्दे को उठाया है।ALSO READ: BIMSTEC : शिनावात्रा के रात्रिभोज में PM मोदी के बगल में बैठे बांग्लादेश के कार्यवाहक यूनुस, जानें क्या हुई बात
 
सिंह ने बताया कि 10 दिसंबर, 2024 को बांग्लादेश सरकार ने एक संवाददाता सम्मेलन में घोषणा की कि बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों के खिलाफ हमलों से संबंधित 88 मामलों में 70 लोगों को गिरफ्तार किया गया है और जनवरी 2025 में पुलिस जांच में केवल 1,254 घटनाओं की पुष्टि हुई थी।
 
उन्होंने कहा कि अद्यतन जानकारी के अनुसार कि 5 अगस्त, 2024 से 23 मार्च, 2025 तक अल्पसंख्यक-संबंधित 2,400 से अधिक घटनाएं दर्ज की गई हैं। उम्मीद है कि बांग्लादेश इन घटनाओं की गहन जांच करेगा और, इन हत्याओं या आगजनी को राजनीति से प्रेरित बताए बिना, अल्पसंख्यकों के खिलाफ हत्या, आगजनी और हिंसा के सभी अपराधियों को न्याय के कटघरे में लाएगा।ALSO READ: चीन-बांग्लादेश-पाकिस्तान की तिकड़ी भारत के लिए खतरे की घंटी, भारत क्‍यों दे रहा ईद की बधाई?
 
विदेश राज्य मंत्री ने कहा कि 16 फरवरी को विदेश मंत्री एस जयशंकर की बांग्लादेश के विदेश सलाहकार मोहम्मद तौहीद हुसैन के साथ बैठक के दौरान ए अपेक्षाएं दोहराई गईं। उन्होंने कहा कि अल्पसंख्यकों सहित बांग्लादेश के सभी नागरिकों के जीवन और स्वतंत्रता की सुरक्षा की प्राथमिक जिम्मेदारी बांग्लादेश सरकार की है।(भाषा)
 
Edited by: Ravindra Gupta

Share this Story:

Follow Webdunia Hindi

अगला लेख

जल गंगा संवर्धन अभियान – जनशक्ति से जलसंरक्षण की क्रांति