ISRO फिर रचेगा नया इतिहास, पहली बार पृथ्‍वी की तीन कक्षाओं में स्थापित करेगा उपग्रह, जानिए खास बातें

सोमवार, 1 अप्रैल 2019 (08:26 IST)
भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) एक बार फिर इतिहास रचेगा। श्रीहरिकोटा से भारत के एमिसैट (ईएमआइएसएटी) उपग्रह को प्रक्षेपित करने के लिए रविवार को 27 घंटों की उल्टी गिनती शुरू हो गई। जानिए खास बातें-

चार चरणों वाला पीएसएलवी-सी45 श्रीहरिकोटा के अंतरिक्ष केंद्र के दूसरे लांच पैड से सोमवार सुबह 9 बजकर 27 मिनट पर प्रक्षेपित किया जाएगा।
 
पीएसएलवी-सी45 नामक इस मिशन के तहत पहली बार इसरो पृथ्वी की तीन कक्षाओं में उपग्रह स्थापित कर अंतरिक्ष संबंधी प्रयोग करेगा। एमिसैट उपग्रह का मकसद विद्युत चुंबकीय माप लेना है।
 
सोमवार को एमिसैट के साथ ही 28 विदेशी नैनो उपग्रह भी प्रक्षेपित किए जाएंगे।
 
इसरो के अनुसार अबकी बार लांच के लिए चार स्ट्रैप ऑन मोटर्स से लैस पीएसएलवी-क्यूएल संस्करण प्रयोग किया जा रहा है।
 
पीएसएलवी का उपयोग भारत के दो प्रमुख मिशनों किया जा चुका है। 2008 में चंद्रयान में और 2013 में मंगल मिशन में।

वेबदुनिया पर पढ़ें

सम्बंधित जानकारी

विज्ञापन
जीवनसंगी की तलाश है? तो आज ही भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें- निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

अगला लेख पुलवामा में सुरक्षाबलों ने लश्कर के चार आतंकियों को किया ढेर