Publish Date: Thu, 09 Aug 2018 (10:11 IST)
Updated Date: Thu, 09 Aug 2018 (12:58 IST)
मुंबई। मराठा प्रदर्शनकारियों ने आरक्षण की मांग को लेकर गुरुवार को महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में सड़क यातायात बाधित कर दिया। अधिकारियों ने बताया कि प्रदर्शनकारियों ने लातूर, जालना, शोलापुर और बुलढाणा जिलों में सड़कों पर बसों तथा अन्य वाहनों को रोक दिया। मराठा समूह की एक संस्था सकल मराठा समाज ने नवी मुंबई को छोड़कर पूरे महाराष्ट्र में गुरुवार को 'बंद' बुलाया है। महाराष्ट्र के पुणे जिले में मराठा आरक्षण आंदोलन के मद्देनजर अफवाहों को फैलाने से रोकने के लिए आज इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गई हैं।
नवी मुंबई में समुदाय के प्रदर्शनों के दौरान पिछले महीने बड़े पैमाने पर हिंसा हुई थी। सकल मराठा समाज के एक नेता अमोल जाधवराव ने बुधवार को कहा कि वे गुरुवार को सुबह 8 बजे से शाम 6 बजे तक शांतिपूर्ण प्रदर्शन करेंगे। बहरहाल, एक अन्य मराठा समूह ने मुंबई उपनगर कलेक्टर कार्यालय के बाहर धरने का आह्वान किया है।
प्रशासन ने बुधवार को हिंसा की आशंका से पुणे समेत कुछ शहरों में स्कूलों और कॉलेजों को बंद करने का आदेश दिया। हालांकि नवी मुंबई बंद की जद से बाहर है लेकिन एग्रीकल्चर प्रोड्यूस मार्केट कमिटी (एपीएमसी) ने गुरुवार को बंद रखने का फैसला किया है।
एपीएमसी के अधिकारियों ने बताया कि मराठा समूहों ने आवश्यक सेवाओं को बंद के दायरे से बाहर रखा है लेकिन राज्य के कुछ हिस्सों में सब्जियों की आपूर्ति प्रभावित है। मुंबई के दादर इलाके में एक सब्जी विक्रेता ने कहा कि उन पर बंद का दबाव नहीं है लेकिन उन्होंने आरक्षण की मांग के समर्थन में स्वेच्छा से काम न करने का फैसला किया है। सतारा में गुरुवार को राज्य परिवहन की कोई बस नहीं चल रही है और सभी वाहन बस स्टैंड पर खड़े हैं। सतारा में सभी पेट्रोल पंप और सब्जी बाजार भी बंद हैं।
आरक्षण समर्थक प्रदर्शनकारियों ने गुरुवार को पुणे जिले में बाइक रैली निकालने का फैसला किया है। लातूर में आरक्षण समर्थक एक समूह ने आधी रात से सड़कों को बाधित कर दिया ओर वाहनों की आवाजाही प्रभावित की। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि नासिक, बुलढाणा और शोलापुर जिलों में भी ऐसे ही प्रदर्शन हुए, जहां प्रदर्शनकारियों ने गुरुवार को सुबह कुछ इलाकों में सड़कों को अवरुद्ध कर दिया।
ओस्मानाबाद और बुलढाणा जिलों में सरकारी परिवहन सेवाएं आंशिक तौर पर प्रभावित हैं ताकि किसी तरह की क्षति से बचा जा सके। प्रदर्शनकारियों ने पिछले महीने प्रदर्शन के दौरान कई बसों को निशाना बनाया था। कोल्हापुर से शिवसेना विधायक प्रकाश आबिटकर ने बुधवार रात दावा किया कि उन्होंने मराठा समुदाय की आरक्षण की मांग को समर्थन देने के लिए गुरुवार को मुंबई में विधान भवन परिसर में प्रदर्शन करने की विधानसभा अध्यक्ष से अनुमति मांगी है।
बहरहाल, यह स्पष्ट नहीं है कि अनुमति मिली या नहीं? मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने आश्वासन दिया था कि उनकी सरकार सरकारी नौकरियों और शैक्षणिक संस्थानों में मराठाओं को आरक्षण देने पर काम कर रही है लेकिन इसके बावजूद बंद बुलाया गया। महाराष्ट्र पुलिस ने कानून एवं व्यवस्था की स्थिति बनाए रखने के लिए सुरक्षा बढ़ा दी है। (भाषा)