Publish Date: Wed, 18 Jan 2023 (12:30 IST)
Updated Date: Wed, 18 Jan 2023 (12:37 IST)
जयपुर। राजस्थान में फतेहपुर, सीकर, चुरू और करौली में रात का तापमान जमाव बिंदु से नीचे चला गया और पूरे प्रदेश में कड़ाके की सर्दी का सितम जारी है। मौसम विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक बीती मंगलवार रात न्यूनतम तापमान सीकर के फतेहपुर में शून्य से नीचे 2.2 डिग्री सेल्सियस, सीकर में शून्य से नीचे 1.5 डिग्री, चूरू में शून्य से नीचे 1.2 डिग्री और करौली में शून्य से नीचे 0.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
इसी तरह संगरिया (हनुमानगढ़), चित्तौड़गढ़, अलवर, अंता (बारां) में न्यूनतम तापमान क्रमश: 0.3, 0.1, 0.5 और 2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया जबकि अन्य स्थानों पर रात का तापमान 3.1 डिग्री सेल्सियस (श्रीगंगानगर) और 8.4 डिग्री सेल्सियस (डूंगरपुर) के बीच रहा। विभाग ने गुरुवार से तापमान बढ़ने व कड़ाके की ठंड से राहत मिलने का अनुमान जताया है।
दिल्ली में लगातार 8वें दिन शीतलहर का प्रकोप जारी : राष्ट्रीय राजधानी में बुधवार को लगातार 8वें दिन शीतलहर का प्रकोप जारी रहा। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) की वेबसाइट पर यह जानकारी दी गई। दिल्ली की सफदरजंग वेधशाला में न्यूनतम तापमान 2.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मंगलवार को यहां न्यूनतम तापमान 2.4 डिग्री सेल्सियस और सोमवार को 1.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। दिल्ली में जनवरी 2020 में 7 दिन शीतलहर चली थी, पिछले साल 1 भी ऐसा दिन दर्ज नहीं किया गया।
आईएमडी के अनुसार दिल्ली में 5 से 9 जनवरी तक भीषण शीतलहर चली, जो 1 दशक में इस महीने में प्रचंड शीतलहर की दूसरी सबसे लंबी अवधि रही। अभी तक इस महीने 50 घंटे तक घना कोहरा दर्ज किया गया, जो 2019 के बाद से सबसे अधिक है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने सोमवार को बताया था कि 2 पश्चिमी विक्षोभों के प्रभाव के चलते 19 जनवरी से शीतलहर का प्रकोप थम जाएगा। पश्चिम एशिया से गर्म नम हवाओं वाली एक मौसम प्रणाली को 'पश्चिमी विक्षोभ' कहा जाता है। जब एक पश्चिमी विक्षोभ क्षेत्र में आता है तो हवा की दिशा बदल जाती है। पहाड़ों से आने वाली सर्द उत्तर-पश्चिमी हवाएं चलनी बंद हो जाती हैं जिससे तापमान बढ़ता है।
दिल्ली में गुरुवार रात हल्की बारिश व बूंदाबांदी हो सकती है। पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव में 23-24 जनवरी को दिल्ली सहित उत्तर-पश्चिम भारत में 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने के साथ ही हल्की से मध्यम बारिश होने और ओले गिरने का पूर्वानुमान है।
दिल्ली में सर्दी के मौसम में अभी तक बारिश नहीं हुई है। मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार ऐसा नवंबर और दिसंबर में मजबूत पश्चिमी विक्षोभ की कमी के कारण हुआ। पिछले साल जनवरी में शहर में 82.2 मिमी बारिश दर्ज की गई थी, जो 1901 के बाद से इस महीने में सबसे अधिक थी।(भाषा)
Edited by: Ravindra Gupta