Publish Date: Fri, 15 Dec 2017 (11:20 IST)
Updated Date: Fri, 15 Dec 2017 (11:38 IST)
नई दिल्ली। उच्चतम न्यायालय ने शुक्रवार को सभी सेवाओं और योजनाओं को आधार से अनिवार्य तौर पर जोड़ने की अंतिम अवधि 31 मार्च 2018 तक बढ़ा दी।
मुख्य न्यायाधीश दीपक मिश्रा की अध्यक्षता वाली पांच-सदस्यीय संविधान पीठ ने अंतरिम आदेश सुनाते हुए सभी कल्याणकारी योजनाओं के लिए आधार लिंकिंग की अनिवार्यता की अवधि 31 मार्च तक बढ़ाए जाने के सरकार के फैसले पर सहमति जताई।
संविधान पीठ ने मोबाइल को आधार से जोड़ने और नये बैंक खाते खुलवाने के लिए आधार की अनिवार्यता की अवधि भी 31 मार्च 2018 कर दी। इससे पहले, मोबाइल को आधार से जोड़ने की अंतिम अवधि छह फरवरी 2018 ही थी।
संविधान पीठ के अन्य सदस्य हैं- न्यायमूर्ति ए के सीकरी, न्यायमूर्ति ए एम खानविलकर, न्यायमूर्ति डीवाई चंद्रचूड और न्यायमूर्ति अशोक भूषण।
न्यायालय ने अपने अंतरिम आदेश में यह भी स्पष्ट किया है कि आधार अनिवार्यता से संबंधित उसका यह आदेश राज्य सरकारों की योजनाओं के लिए भी लागू होगा। शीर्ष अदालत ने गुरुवार को इस मामले में अंतरिम आदेश संबंधी अनुरोध पर सुनवाई करते हुए फैसला सुरक्षित रख लिया था। (वार्ता)