Publish Date: Tue, 20 Feb 2018 (16:58 IST)
Updated Date: Tue, 20 Feb 2018 (17:02 IST)
नई दिल्ली। यूनिसेफ की एक चिंताजनक रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत में हर साल जन्म के 28 दिनों के भीतर 6 लाख नवजातों की मौत हो जाती है। एक नवजात के जीवन में पहले 28 दिन शिशु के सुरक्षित जीवित रहने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
उल्लेखनीय बात यह है कि भारत में नवजातों की मौत के ये आंकड़े विश्व में सबसे ज्यादा हैं। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि 80 फीसदी ऐसी मौतों का कोई गंभीर कारण नहीं है। हालांकि इसी रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि भारत में पांच वर्ष से कम उम्र के बच्चों की मृत्यु दर कम हुई है।
यूनिसेफ की रिपोर्ट 'एवरी चाइल्ड अलाइव' में ये बातें कही गई हैं। यूनिसेफ की इस रिपोर्ट में विश्व के 184 देशों को कवर किया गया है। इसमें भारत को 25.4 फीसदी की नवजात मृत्यु दर (1000 जीवित बच्चों के बीच) के साथ 31वीं रैंक पर रखा गया है। रिपोर्ट के अनुसार वैश्विक दर के मुताबिक हर 1000 बच्चों में 19 नवजातों की मौत हो जाती है। वैश्विक स्तर पर 26 लाख शिशु जन्म के पहले माह में मर जाते हैं।
उनमें 80 फीसदी से ज्यादा मौत बीमारी की सही रोकथाम न होने, समय से पहले जन्म, प्रसव के दौरान जटिलताओं और न्यूमोनिया जैसे संक्रमण के कारण होती हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि हर मां और बच्चे के लिए उत्तम और उचित स्वास्थ्य सेवा मौजूद होनी चाहिए। इसमें साफ पानी, स्वास्थ्य सेवा के लिए बिजली, जन्म के पहले घंटे में स्तनपान, मां-बच्चे के बीच संपर्क आवश्यक बताया गया है। इसके अनुसार भारत वर्तमान में सतत विकास लक्ष्य को पूरा करने से काफी दूर है।
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Publish Date: Tue, 20 Feb 2018 (16:58 IST)
Updated Date: Tue, 20 Feb 2018 (17:02 IST)