Publish Date: Sun, 08 Dec 2019 (13:35 IST)
Updated Date: Sun, 08 Dec 2019 (16:42 IST)
लखनऊ। उत्तरप्रदेश के उन्नाव में इस समय न्याय की गुहार लगाते-लगाते जिंदगी की जंग हार चुकी बलात्कार पीड़िता के साथ पूरा गांव एकजुट होकर खड़ा है। पीड़िता की मौत की खबर के बाद से परिजनों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर पूरा गांव चल रहा है। परिजनों के आंसू के साथ हर एक ग्रामीण की आंखों में आंसू है। सरकार के प्रति गुस्सा है तो पुलिस के प्रति नफरत है, लेकिन फिर भी न्याय की आस लगाए बैठे परिजनों के साथ ग्रामीणों ने अपना आपा खो दिया जब उन्नाव के एसपी साहब ने मृतक पीड़िता की बहन से कहा कि अंदर चलो लेकिन जब उसने अंदर जाने से मना कर दिया तो गुस्से में बोले- क्या यहां खड़े होकर फिल्म बनवा रही हो।
इससे ग्रामीण गुस्सा हो गए। ग्रामीणों ने कहा- अरे शर्म करो कप्तान साहब परिजनों की नाराजगी जायज है। उनके घर का चिराग बुझ गया है। वे अगर कुछ मांग कर रहे हैं तो वह भी जायज है। गांववाले यहीं नहीं रुके। उन्होंने गुस्से में कहा कि हमारे गांव की बेटी की मौत का जिम्मेदार जितने वह आरोपी जिन्होंने उसे मौत की नींद सुलाया हैं तो उतना ही आप सब लोग हो।
समय रहते न्याय मिल जाता तो शायद आरोपी जेल के अंदर होते और आज गांव की बिटिया जीवित होती। देर रात सब आने के बाद मृतक पीड़िता के परिजन सुबह मृतक पीड़िता का अंतिम संस्कार करने के लिए तैयार हो गए थे, लेकिन देर रात दिल्ली से उन्नाव पहुंची मृतक पीड़िता की बड़ी बहन ने आज सुबह अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया और सरकार के सामने 3 शर्तें रख दी। इसकी जानकारी जैसे ही प्रशासन को हुई।
उन्नाव के जिलाधिकारी के साथ एसपी उन्नाव भी पहुंचे। मृतक पीड़िता की बड़ी बहन को समझाने का प्रयास एसपी उन्नाव कर रहे थे, इसी बीच मृतक पीड़िता की बड़ी बहन बार-बार अपनी तीन शर्तें पूरी करने की बात कह रही थी तो मौके पर मौजूद उन्नाव के एसपी ने कहा आइए अंदर चल कर बात करते हैं तो मृतक पीड़िता की बड़ी बहन ने अंदर चलकर बात करने से इनकार करते हुए कहा कि जो भी बात करनी है मीडिया के सामने करिए।
बस फिर क्या था एसपी उन्नाव का पारा चढ़ गया और गुस्से में कह गए कि यहां खड़े होकर फिल्म बनवा रही हो। एसपी का इतना कहते ही मौके पर मौजूद जिलाधिकारी भी नाराज होने लगे और मीडिया पर गुस्सा जाहिर कर दिया।
कई बार मौके पर मौजूद पत्रकारों से चिल्ला-चिल्लाकर बोलने लगे। ये सब देख मृतक पीड़िता की बहन के साथ मौजूद ग्रामीणों ने भी आपा खो दिया और कहने लगे शर्म करो एसपी साहब एक घर का चिराग बुझ गया है और आप चिल्ला रहे हो। माहौल बिगड़ता देख मौके पर मौजूद एसपी व जिलाधिकारी ने उच्चाधिकारियों के आने की बात कहते हुए किनारा कर लिया।