केंद्रीय मंत्री के घूंघट वाले बयान पर राबड़ी ने कहा, यह महिलाओं का अपमान

शनिवार, 13 अप्रैल 2019 (22:17 IST)
पटना। बिहार की पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने केंद्रीय स्वास्थ्य राज्यमंत्री और भाजपा के वरिष्ठ नेता अश्विनी कुमार चौबे की उन्हें घूंघट में रहने की सलाह को महिलाओं का अपमान बताया है।
 
राबड़ी देवी ने चौबे की उन्हें घूंघट में रहने और बयान देने से बचने की सलाह पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए आज कहा कि इस तरह का बयान देश की सभी महिलाओं का अपमान है।
 
उन्होंने कहा कि भाजपा 'बेटी पढ़ाओ, बेटी बचाओ' की बात कहती है, लेकिन उसके नेताओं का आचरण इसके ठीक विपरीत है। चौबे भाजपा नेताओं की मानसिकता को उजागर कर रहे हैं। जनता को ऐसे लोगों से सचेत रहने की जरूरत है।
 
पूर्व मुख्यमंत्री ने सोशल नेटवर्किंग साइट ट्विटर पर ट्वीट कर भी कहा- 'चौबेजी, घूंघट वाली महिलाओं से इतनी नफरत और भय क्यों? क्या यही है आपके नरेन्द्र मोदीजी का महिला सशक्तीकरण? यह है बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ? आप जैसे चौबे, छब्बे और दुबे की पितृसत्ता से सूबे को हमने छुटकारा दिलाया तो उसकी पीड़ा आपके बयान में नजर आ रही है। इतना बेशर्म मत बनिए।'

राबड़ी देवी ने अगले ट्वीट में भोजपुरी में चौबे पर तंज कसा व कहा कि चौबेजी, औरत को घूंघट में रखते हैं तो फिर औरत से क्यों डर लगता है? 5 साल क्षेत्र में नहीं घूमे तो औरत कहीं उनकी दाढ़ी नोच न लें, इसका डर लग रहा है? जब क्षेत्र में वोट मांगने जाएंगे तब औरतों से उन्हें जवाब मिलेगा।
 
पूर्व मुख्यमंत्री ने एक अन्य ट्वीट कर कहा- 'सुनो अश्विनी चौबे, पहले तुम्हारी सरकार में मंत्री और महिला नेत्री स्मृति ईरानी, निर्मला सीतारमण, सुषमा स्वराज, मेनका गांधी, वसुंधरा राजे सिंधिया को तो घूंघट में रखिए। भाजपा की महिला नेता छुट्टी घूमेंगी और दूसरी घूंघट में? क्या यही है तुम्हारे महिला विरोधी पितृसत्तात्मक संघी संस्कार?'
 
राबड़ी देवी ने सख्त लहजे में कहा- 'चौबे जैसे संघी भूल गए हैं कि मोहन भागवत जैसे बूढ़े संघी लोगों की हॉफ पैंट से फुल पैंट में हमने ही करवाया था। मनुवादी भाजपाई घृणित मानसिकता के महिला विरोधी लोग हैं। ये भाजपाई मानसिक रूप से विक्षिप्त जीव हैं। पता नहीं, घर में अपनी मां-बहन व बेटी को कैसे सम्मान देते हैं?'
 
गौरतलब है कि चौबे से शुक्रवार को सीतामढ़ी में पत्रकारों ने 'राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) में जनता दल यूनाइटेड और भाजपा के रिश्तों में दरार के कारण जदयू के उपाध्यक्ष प्रशांत किशोर अपनी पार्टी के राजद में विलय के प्रस्ताव को लेकर लालू प्रसाद यादव से मिले थे', संबंधी राबड़ी देवी के बयान को लेकर जब सवाल किया तब चौबे इस पर अपना आपा खो गए और कहा कि राबड़ी देवी उनकी भाभी हैं और बयान देने की बजाय वे घूंघट में ही रहें तो अच्छा होगा। (वार्ता)

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