Publish Date: Fri, 02 Jun 2017 (18:12 IST)
Updated Date: Fri, 02 Jun 2017 (18:18 IST)
नोएडा (उप्र)। नोएडा के सेक्टर-76 में वर्ष 2015 में हुए बहुचर्चित अंकित चौहान इंजीनियर हत्याकांड का उप्र एसटीएफ और सीबीआई ने 2 आरोपियों की गिरफ्तारी करते हुए शुक्रवार को हल करने का दावा किया। उन्होंने उनके पास से वारदात में शामिल एक कार एवं फर्जी नंबर प्लेट भी बरामद कर ली है।
उत्तरप्रदेश एसटीएफ के आईजी अमिताभ यश ने बताया कि अंकित की हत्या उनकी एसयूवी कार लूटने के मकसद से की गई थी लेकिन गोली चलने की आवाज सुनकर घटनास्थल पर कई लोग जमा हो गए थे। इसकी वजह से आरोपी अपनी योजना में कामयाब नहीं हो पाए।
उन्होंने कहा कि एक आरोपी दिल्ली के धौलाकुआं इलाके तथा दूसरा गाजियाबाद से पकड़ा गया है। उन्होंने कहा कि आरोपियों की पहचान शशांक जादौन और मनोज कुमार के तौर पर हुई है, जबकि घटना में शामिल तीसरे आरोपी पंकज की जिगर की बीमारी की वजह से मौत हो गई है। सीबीआई ने आरोपियों की गिरफ्तारी पर 5 लाख रुपए का इनाम घोषित किया था।
यश ने बताया कि 13 अप्रैल 2015 को इंजीनियर अंकित चौहान की नोएडा के सेक्टर-76 के पास गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। उनके पिता धर्मवीर चौहान ने सेक्टर-49 थाने में हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था।
आईजी ने बताया कि नोएडा पुलिस की जांच से असंतुष्ट होकर उन्होंने इलाहाबाद उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर घटना की सीबीआई से जांच कराने की मांग की थी। उच्च न्यायालय के आदेश पर जून 2016 में सीबीआई ने इस मामले की जांच शुरू की। सीबीआई ने उप्र एसटीएफ से संपर्क कर इस घटना में शामिल आरोपियों को पकड़ने के लिए सहयोग मांगा।
यश ने बताया कि पूछताछ के दौरान पता चला है कि गिरफ्तार शशांक ने पंकज नाम के व्यक्ति को 4 लाख रुपए उधार दिए थे और उधारी वापस लेने के लिए आरोपियों ने अंकित की एसयूवी कार लूटने की योजना बनाई थी। (भाषा)