Publish Date: Sun, 31 Dec 2017 (20:18 IST)
Updated Date: Sun, 31 Dec 2017 (20:20 IST)
नई दिल्ली। इस सीजन के सबसे घने कोहरे के चलते दिल्ली में इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर दृश्यता घटकर 50 मीटर तक आ जाने के कारण आज 200 से अधिक विमानों की उड़ान सेवाएं प्रभावित हुईं। उनमें कुछ में देरी हुई, कुछ के मार्ग बदल दिए गए जबकि कुछ रद्द कर दी गईं।
हवाई अड्डे के एक अधिकारी के अनुसार 150 से अधिक उड़ानों में देरी हुई और करीब 50 उड़ानें मार्ग बदलकर अन्य हवाई अड्डों की तरफ भेजी गईं। करीब 20 उड़ानें रद्द कर दी गईं। सुबह साढ़े सात बजे से ग्यारह बजकर पांच मिनट तक कोई भी विमान उड़ान नहीं भर सका।
इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से विमानों के उड़ान भरने के लिए 125 मीटर दृश्यता की आवश्यकता होती है। वैसे दिल्ली हवाई अड्डे पर कम दृश्यता में भी विमानों के उतरने के लिए आधुनिक प्रौद्योगिकी उपलब्ध है, जिसकी मदद से 25- 50 मीटर दृश्यता में उतरने में सक्षम विमान यहां पहुंच सकता है।
सूत्रों ने बताया कि करीब 50 उड़ाने समीप के हवाई अड्डों पर भेजी गईं क्योंकि कई पायलट इस प्रौद्योगिकी में प्रशिक्षित नहीं हैं। दिल्ली क्षेत्र एवं आईजीआई हवाई अड्डे के लिए भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के निदेशक आरके जेनामनी ने कहा कि सुबह साढ़े पांच बजे रनवे पर दृश्यता 50-75 मीटर के बीच थी। इस साल कोहरे की यह अब तक की सबसे खराब स्थिति अनुभव की गई है।
विभाग के एक अधिकारी ने कहा कि यह इस सीजन का सबसे घना कोहरा था। हालांकि दिन में दृश्यता सुधरकर 2000 मीटर तक चली गई और परिचालन सामान्य हो गया लेकिन सुबह हुई परेशानी के चलते दिनभर विमानों में देरी और छ: घंटे तक इंतजार देखने को मिला।