Publish Date: Sun, 01 Oct 2017 (21:41 IST)
Updated Date: Sun, 01 Oct 2017 (21:42 IST)
अहमदाबाद। गुजरात में गांधीनगर के निकट एक गांव में दो अलग-अलग घटनाओं में ‘मूंछ रखने को लेकर’ राजपूत समुदाय के लोगों ने दो दलित व्यक्तियों की कथित तौर पर पिटाई कर दी। ये घटनाएं गांधीनगर जिले के कलोल तालुका के लिंबोदरा गांव में 25 और 29 सितंबर को हुईं। पिछले महीने की 29 तारीख को भरतसिंह वाघेला नामक व्यक्ति ने विधि छात्र कृणाल महेरिया (30) की कथित तौर पर पिटाई की। कलोल तालुका पुलिस में अपनी शिकायत में महेरिया ने दावा किया कि वाघेला ने मूंछ रखने को लेकर उससे मारपीट की।
महेरिया ने आज कहा कि मैं शुक्रवार को जब अपने एक दोस्त के घर जा रहा था तो वाघेला अैर कुछ अन्य लोगों ने मुझे रोका और मेरे लिए अपशब्दों का प्रयोग किया। वाघेला ने मुझसे कहा कि केवल मूंछ लगा लेने से कोई राजपूत नहीं हो सकता। जब मैंने उसकी बात को तवज्जो नहीं दी तो उसने डंडे से मेरी पिटाई की।’’ गांधीनगर सिविल अस्पताल में इलाज के बाद महेरिया आज अपने घर लौटा।
कलोल तालुका के एक पुलिस अधिकारी ने आज बताया कि उसकी शिकायत के आधार पर वाघेला के खिलाफ संबद्ध धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया। उन्होंने बताया कि वाघेला को आज गिरफ्तार कर लिया गया। अधिकारी ने बताया, ‘‘महेरिया के खिलाफ भी भादंसं की धारा 323 के तहत मामला दर्ज कर लिया गया। आज हम लोगों ने वाघेला को गिरफ्तार कर लिया।’’ लिंबोदरा गांव में ही 25 सितंबर को इसी तरह का एक और मामला दर्ज किया गया था। उस दिन राजपूत समुदाय के कुछ सदस्यों ने पीयूष परमार (24) की कथित तौर पर पिटाई की।
अधिकारी ने बताया कि परमार ने आरोप लगाया कि एक गरबा कार्यक्रम में हिस्सा लेकर लौटते वक्त गांव के राजपूत समुदाय के लोगों ने उसकी पिटाई की। उसने आरोप लगाया की ऊंची जाति के लोगों ने मूंछ को लेकर उसकी पिटाई की। उस मामले में कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है। (भाषा)