Publish Date: Sat, 28 Aug 2021 (15:53 IST)
Updated Date: Sat, 28 Aug 2021 (15:57 IST)
मुंबई। ग्लोबल वॉर्मिंग के दुष्परिणाम एक-एक कर सामने आ रहे हैं। ताजा खबर यह है कि ग्लोबल वॉर्मिंग के कारण 2050 तक डूब मुंबई नगरी के डूब जाने का अंदेशा है। मुंबई महानगरपालिका के आयुक्त इकबाल सिंह चहल ने इस शहर के लिए यह भयावह भविष्यवाणी की है।
उन्होंने कहा कि 2050 तक कारोबारी जिले नरीमन पॉइंट और राज्य सचिवालय मंत्रालय सहित दक्षिण मुंबई का एक बड़ा हिस्सा समुद्र तल बढ़ने के कारण पानी के नीचे चला जाएगा। महाराष्ट्र के पर्यावरण एवं पर्यटन मंत्री आदित्य ठाकरे द्वारा शुक्रवार को मुंबई जलवायु कार्ययोजना और इसकी वेबसाइट के उद्घाटन के अवसर पर चहल ने कहा कि शहर के दक्षिण मुंबई में ए, बी, सी और डी वार्ड का 70 प्रतिशत हिस्सा जलवायु परिवर्तन के कारण जलमग्न हो जाएगा।
उन्होंने कहा कि प्रकृति चेतावनियां देती रही है, लेकिन अगर लोग नहीं जागे तो स्थिति भयावह हो जाएगी। उन्होंने कहा कि कफ परेड, नरीमन प्वाइंट और मंत्रालय जैसे अस्सी फीसदी इलाके पानी में होंगे। मतलब गायब होने जा रहे हैं। नगरपालिका आयुक्त ने यह भी कहा कि यह महज 25-30 साल की बात है क्योंकि 2050 बहुत दूर नहीं है।