Publish Date: Mon, 31 Oct 2022 (19:16 IST)
Updated Date: Mon, 31 Oct 2022 (19:22 IST)
पटना। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के अध्यक्ष चिराग पासवान के प्रदेश की 2 विधानसभा सीटों पर होने वाले उपचुनाव में भाजपा के उम्मीदवारों के पक्ष में प्रचार करने के निर्णय को लेकर भगवा पार्टी पर जमकर निशाना साधते कहा कि भाजपा के बारे में कही गई हमारी बातें सही साबित हुईं।
नीतीश ने सोमवार को पूछा कि हम लोगों के खिलाफ वर्ष 2020 के विधानसभा चुनाव के दौरान जो उम्मीदवार खड़े किए गए थे, वे किसने किए थे? पटना में आयोजित एक कार्यक्रम के बाद पत्रकारों से बातचीत के दौरान चिराग पासवान के निर्णय के बारे में पूछे जाने पर नीतीश ने यह सवाल किया।
नीतीश ने पिछले अगस्त महीने में भगवा पार्टी से नाता तोड़कर 7 दलों के महागठबंधन के साथ बिहार में नई सरकार बना ली थी। चिराग पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की पार्टी जदयू यह आरोप लगाती रही है कि 2020 के बिहार विधानसभा चुनाव में भाजपा द्वारा चिराग मॉडल का इस्तेमाल इसे कमजोर करने के लिए किया गया।
चिराग ने अविभाजित लोजपा के अध्यक्ष के रूप में वर्ष 2020 के बिहार विधानसभा चुनाव में नीतीश के नेतृत्व को अस्वीकार करते हुए जदयू के विरोध में अपने उम्मीदवारों को चुनावी मैदान में उतारा था जिनमें से कई भाजपा के बागी थे।
चिराग, जो अपने दिवंगत पिता रामविलास पासवान द्वारा स्थापित लोक जनशक्ति पार्टी के एक अलग समूह के अब प्रमुख हैं, ने रविवार को कहा था कि वे मोकामा और गोपालगंज विधानसभा सीटों, जहां 3 नवंबर को मतदान होना है, से भाजपा उम्मीदवारों के लिए प्रचार करेंगे।
नीतीश ने चिराग के बारे में कहा कि उनके दिवंगत पिता रामविलास पासवानजी को मैंने काफी सम्मान दिया। शुरू से ही मैंने उनका समर्थन भी किया था। वे अब नहीं रहे, यह बहुत दुःखद है। भाजपा को छोड़कर हम लोग वापस अपनी पुरानी जगह पर आ गए हैं और अब उपमुख्यमंत्री तेजस्वी प्रसाद यादव को आगे बढ़ाना है।
मोकामा और गोपालगंज में उपचुनाव के परिणाम को लेकर किए गए सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि जनता मालिक है। लेकिन हम लोगों को जो वहां के लोगों ने बताया है, उसके अनुसार दोनों (मोकामा और गोपालगंज) विधानसभा सीट से राष्ट्रीय जनता दल के उम्मीदवार जीतने जा रहे हैं। हमारी बात सभी से होती रहती है।
नीतीश ने कहा कि तबीयत खराब होने की वजह से वे चुनाव प्रचार में नहीं जा रहे हैं। गुजरात के मोरबी में मच्छु नदी पर बने केबल पुल के टूटने के कारण हुए हादसे से संबंधित प्रश्न पर मुख्यमंत्री ने कहा कि यह घटना काफी दुःखद है, पुल पुराना ब्रिज था जिसको ठीक किया गया था। उन्होंने कहा कि सरकार को देखना चाहिए था कि पुल कैसे बना है?(भाषा)
Edited by: Ravindra Gupta