Publish Date: Mon, 16 Oct 2017 (19:54 IST)
Updated Date: Mon, 16 Oct 2017 (20:07 IST)
डासना (उप्र)। राजेश और नूपुर तलवार सोमवार को डासना जेल से रिहा हुए। लेकिन दंत चिकित्सक दंपति राजेश एवं नूपुर तलवार ने जेल के अंदर मरीजों को दी गई अपनी-अपनी सेवाओं का मेहनताना लेने से इंकार कर दिया। जेल अधिकारियों ने यह जानकारी दी। जेल से रिहाई के आदेश के बाद अधिकारियों ने उनकी कमाई का पारिश्रमिक उन्हें देने के आदेश दिए थे।
जेल अधिकारियों के मुताबिक, जेल में दंत चिकित्सक तलवार दंपति से जल्द से जल्द अपना उपचार कराने के लिए जेल के मरीजों में होड़ मची हुई थी। उन्होंने बताया कि तलवार दंपति ने जेल के अंदर मरीजों की सेवाओं के लिए मिलने वाला अपना पारिश्रमिक लेने से इंकार कर दिया। जेल अधीक्षक डी. मौर्य ने बताया कि इस दौरान उन्होंने करीब 49,500 रुपए कमाए हैं।
सजा सुनाए जाने के बाद तलवार दंपति नवंबर 2013 से जेल के अंदर मरीजों का उपचार कर रहे थे। जेल चिकित्सक सुनील त्यागी ने बताया कि तलवार दंपति ने अधिकारियों को आश्वस्त किया है कि कैदियों के उपचार के लिए वह हर 15 दिन में जेल आते रहेंगे।
इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने अपने फैसले में कहा था कि न तो परिस्थितियां और न ही सबूत उन्हें दोषी ठहराने के लिए पर्याप्त हैं। तलवार के नोएडा स्थित घर में 16 मई 2008 को आरुषि तलवार मृत पाई गई थी। हेमराज का शव भी अगले दिन छत पर उसके कमरे से बरामद हुआ था। (एजेंसी)