2 फरवरी 2023, गुरुवार के शुभ मुहूर्त

पं. हेमन्त रिछारिया
प्रस्तुत हैं आज के मुहूर्त
 
शुभ विक्रम संवत्-2079, शक संवत्-1944, हिजरी सन्-1443, ईस्वी सन्-2023
संवत्सर नाम-राक्षस
अयन-उत्तरायण
मास-माघ
पक्ष-शुक्ल
ऋतु-शिशिर
वार-गुरुवार
तिथि (सूर्योदयकालीन)-द्वादशी
नक्षत्र (सूर्योदयकालीन)-आर्द्रा
योग (सूर्योदयकालीन)-वैधृति
करण (सूर्योदयकालीन)-बालव
लग्न (सूर्योदयकालीन)-मकर
शुभ समय- 6:00 से 7:30, 12:20 से 3:30, 5:00 से 6:30 तक
राहुकाल-दोप. 1:30 से 3:00 बजे तक
दिशा शूल-दक्षिण  
योगिनी वास-नैऋत्य
गुरु तारा-उदित
शुक्र तारा-उदित
चंद्र स्थिति-मिथुन
व्रत/मुहूर्त-सर्वार्थसिद्धि योग/प्रदोष व्रत (पंचांग भेद)
यात्रा शकुन-बेसन से बनी मिठाई खाकर यात्रा पर निकलें।
आज का मंत्र-ॐ ग्रां ग्रीं ग्रौं स: गुरुवै नम:।
आज का उपाय-शिवलिंग का दुग्धाभिषेक करें।
वनस्पति तंत्र उपाय-पीपल के वृक्ष में जल चढ़ाएं।
 
(निवेदन-उपर्युक्त विवरण पंचांग आधारित है पंचांग भेद होने पर तिथि/मुहूर्त/समय में परिवर्तन होना संभव है।)
 
-ज्योतिर्विद् पं. हेमन्त रिछारिया
प्रारब्ध ज्योतिष परामर्श केन्द्र
सम्पर्क: astropoint_hbd@yahoo.com

सम्बंधित जानकारी

Show comments

ज़रूर पढ़ें

भारत में कहां की है सबसे प्रसिद्ध गणगौर, कहां लगता है गणगौर मेला, जानिए तिथि, परंपराएं और महत्व

हिन्दू नववर्ष को किस राज्य में क्या कहते हैं, जानिए इसे मनाने के भिन्न भिन्न तरीके

कब मनेगी ईद 31 मार्च या 1 अप्रैल, जानिए सही तारीख

नवरात्रि की प्रथम देवी मां शैलपुत्री की कथा

नवरात्रि की दूसरी देवी मां ब्रह्मचारिणी की कथा

सभी देखें

नवीनतम

हिंदू नववर्ष गुड़ी पड़वा पर बन रहे हैं कई शुभ योग, जानिए कौन होगा वर्ष का राजा

solar eclipse story: सूर्य ग्रहण क्या है? पढ़ें प्राचीन कथा

हिंदू नववर्ष गुड़ी पड़वा पर्व किस तरह मनाते हैं?

सिद्धार्थ संवत्सर में सूर्य राजा, बुध धनेश, जानें कैसा होगा विश्व के लिए हिन्दू नववर्ष

सूर्य ग्रहण का शुभ फल पाना है तो आज करें इन 10 खास मंत्रों का जाप

अगला लेख