हलहारिणी भौमवती अमावस्या 2019 : इस रात करें ये खास उपाय, मां लक्ष्मी कर देंगी अन्न-धन से मालामाल

Webdunia
अमावस्या तिथि अगर मंगलवार को आती है तो इसे भौमवती अमावस्या कहा जाता है। इस बार भी अमावस्या और मंगलवार का योग बना है। इसलिए इस अमावस्या को भौमवती अमावस्या कहा जाएगा। शास्त्रों के अनुसार इस अमावस्या को इच्छाओं को पूरा करने वाली रात माना गया है। मंत्र-तंत्र साधना करने वाले इस दिन विशेष सिद्धियां प्राप्त करते हैं। तिथि के अनुसार यह हलहारिणी अमावस्या है। इस दिन कृषक अपने हल, जमीन, फसल और बीजों की पूजा करते हैं। 
 
अमावस्या की रात जिस घर में देवी लक्ष्मी का पूजन किया जाएगा, माता लक्ष्मी उस घर में धन के भंडार भर देंगी।। अमावस्या की रात मां जिस घर में प्रवेश करती हैं वहां अपनी संपूर्ण शक्तियों के साथ विराजित हो जाती हैं और उस घर पर अपने आशीष की वर्षा करती हैं। माता लक्ष्मी की इस कृपा को प्राप्त करने के लिए हलहारिणी भौमवती अमावस्या पर ये उपाय करें... 
 
1. अपने घर के मुख्य द्वार पर कुमकुम से माता लक्ष्मी के चरण चिन्ह बनाएं।
 
2.पूजा करते समय इस मंत्र का जाप करते रहें
 
ॐ पहिनी पक्षनेत्री पक्षमना लक्ष्मी दाहिनी वाच्छा भूत-प्रेत सर्वशत्रु हारिणी दर्जन मोहिनी रिद्धि सिद्धि कुरु-कुरु-स्वाहा।
 
3. महिलाएं अपने सुहाग की लंबी उम्र के लिए पीपल का पूजन करें। पीपल को छूने से पापों का नाश होता है और परिक्रमा करने से उम्र में वृद्धि होती है।
 
4. संतान प्राप्ति के लिए पूजा करने के बाद लाल रंग के बछड़े अथवा गाय को गुड़ खिलाएं।
 
5. एक घी और दूसरा तेल का दीपक लगाएं। उनमें लौंग डालकर जलाएं। धन प्राप्ति का यह सबसे सरल और सटीक उपाय है। 
 
6. शिव जी पर गंगाजल चढ़ाएं। 
 
7. हनुमान मंदिर में सिंदूर अर्पित करें। 
 
8. यथासंभव दान करें। दक्षिणा के साथ जो भी संभव हो दान अवश्य करें। 
 
9. मंगल के 21 नाम, शिव सहस्त्रनाम और हनुमान बाहुक का वाचन करें। 
 
10. घर की अन्न कोठी या अन्न रखने का स्थान पूजें।  

सम्बंधित जानकारी

Show comments

ज़रूर पढ़ें

इस मंदिर में है रहस्यमयी शिवलिंग, दिन में तीन बार बदलता है रंग, वैज्ञानिक भी नहीं जान पाए हैं रहस्य

महाशिवरात्रि पर शिवलिंग पर भूलकर भी ना चढ़ाएं ये चीजें, रह जाएंगे भोलेनाथ की कृपा से वंचित

सूर्य की शत्रु ग्रह शनि से युति के चलते 4 राशियों को मिलेगा फायदा

असम में मौजूद है नॉर्थ ईस्ट का सबसे ऊंचा शिव मंदिर, महाशिवरात्रि पर उमड़ता है श्रद्धालुओं का सैलाब

Mahashivaratri 2025: महाशिवरात्रि पर शिवलिंग की पूजा का शुभ मुहूर्त, पूजन विधि, आरती और कथा सभी एक साथ

सभी देखें

नवीनतम

भूकंप से हो जाएगी धरती तबाह, अभी संभलना जरूरी वर्ना...

जानकी जयंती 2025: माता सीता का जन्म कब और कैसे हुआ था?

Mahashivratri 2025: कैसे करें महाशिवरात्रि का व्रत?

Aaj Ka Rashifal: इन 5 राशियों को मिलेगा आज कारोबार में अपार धनलाभ, पढ़ें 17 फरवरी का दैनिक भविष्यफल

17 फरवरी 2025 : आपका जन्मदिन

अगला लेख