Publish Date: Fri, 07 Jan 2022 (13:07 IST)
Updated Date: Fri, 07 Jan 2022 (13:14 IST)
मुंबई। देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में कोरोनावायरस और ओमिक्रॉन के तेजी से बढ़ते मामलों ने लोगों में लॉकडाउन को लेकर दहशत भर दी है। गुरुवार को मुंबई में कोरोना के 20181 से ज्यादा मामले सामने आए। ऐसे में टोटल लॉकडाउन की चर्चा से प्रवासी और खासतौर पर मजदूर बेहद डरे हुए हैं।
बीएमसी के मुताबिक मुंबई में पॉजिटिविटी रेट बढ़कर 29.90% फीसदी हो गया है। इस दौरान 67 हजार सेंपल्स की जांच की गई, इनमें से 20181 लोग पॉजिटिव पाए गए। मुंबई 20 हजार से ज्यादा मामले के सामने आने के बाद लॉकडाउन की प्रबल संभावना बन गई है।
पिछले दिनों मेयर किशोरी पेडनेकर ने हाल ही में चेतावनी दी थी कि यदि संक्रमण का दैनिक आंकड़ा 20 हजार होता है तो महानगर में लॉकडाउन लगाया जा सकता है।
लॉकडाउन के डर से बड़ी संख्या में प्रवासी मजदूर घर वापसी के लिए स्टेशन पर पहुंच गए। इनमें से अधिकांश लोग यूपी और बिहार के हैं। हर व्यक्ति जल्द से जल्द मुंबई छोड़ अपने घर पहुंचने की जल्दी में दिखा। पलायन कर रहे मजदूरों का कहना था कि वे जल्द से जल्द मुंबई छोड़ना चाहते हैं। अगर यहां रुके तो भूखों मरने की नौबत आ जायेगी।
तेजी से बढ़ते मामलों के बाद भी यहां कई लोग अभी भी कोरोना को लेकर लापरवाह नजर आ रहे हैं। कई लोगों के चेहरों पर मास्क नहीं है। सोशल डिस्टेंसिंग की बात तो भूल ही जाइए। पुलिस को भी इन लोगों को नियंत्रित करने में कड़ी मशक्कत करना पड़ रही है।
महाराष्ट्र में पिछले 24 घंटे में 36 हजार 265 मामले आए, जबकि 13 लोगों की संक्रमण के चलते मौत हुई है। हालांकि इस दौरान 8 हजार 907 लोग संक्रमण मुक्त भी हुए हैं। राज्य में ओमिक्रोन के 79 मामले आए हैं। इसके साथ ही राज्य में ओमिक्रोन संक्रमितों की संख्या बढ़कर 876 हो गई है। महाराष्ट्र में एक्टिव केसों की संख्या बढ़कर 1,14,847 हो गई है।
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Publish Date: Fri, 07 Jan 2022 (13:07 IST)
Updated Date: Fri, 07 Jan 2022 (13:14 IST)