Publish Date: Thu, 10 Dec 2020 (21:18 IST)
Updated Date: Thu, 10 Dec 2020 (21:22 IST)
नई दिल्ली। केंद्र के नए कृषि कानूनों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे किसानों ने गुरुवार को कहा कि अगर उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो वे रेल पटरियां अवरुद्ध कर देंगे और इसे लेकर जल्द ही तारीख का ऐलान करेंगे। सिंघू बॉर्डर पर मीडिया से बातचीत में किसान संघों ने कहा कि वे विरोध-प्रदर्शन को और तेज करेंगे और राष्ट्रीय राजधानी की ओर जाने वाले सभी राजमार्गों को जाम करना शुरू करेंगे।
गौरतलब है कि दिल्ली में प्रवेश से रोके जाने के बाद पिछले करीब 2 सप्ताह से किसान सिंघू बॉर्डर पर धरना दिए हुए हैं। बॉर्डर पर संवाददाता सम्मेलन में किसान नेता बूटा सिंह ने कहा कि अगर हमारी मांगें नहीं मानी गईं तो हम रेल पटरियां अवरुद्ध करेंगे। हम इसकी तारीख तय कर जल्दी घोषणा करेंगे।
एक अन्य किसान नेता बलबीर सिंह राजेवाल ने कहा कि केंद्र ने स्वीकार किया है कि कानून व्यापारियों के लिए बनाए गए हैं। अगर कृषि राज्य का विषय है तो केंद्र को उस पर कानून बनाने का अधिकार नहीं है। हजारों की संख्या में किसान दिल्ली के विभिन्न बॉर्डरों पर प्रदर्शन करते हुए नए कृषि कानूनों को वापस लेने और फसलों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य प्रणाली को बनाए रखने की मांग कर रहे हैं। (भाषा)