Publish Date: Fri, 02 Sep 2022 (14:51 IST)
Updated Date: Fri, 02 Sep 2022 (19:21 IST)
पायलटों की हड़ताल की वजह से जर्मनी में हड़कंप मच गया। पायलटों के एक साथ स्ट्राइक पर जाने की वजह से लुफ्थांसा एयरलाइंस की 800 उड़ाने रद्द कर दी गई। इस वजह से 1 लाख से ज्यादा यात्री बुरी तरह प्रभावित हुए।
पायलट संघ ने वेतन वृद्धि को मंजूरी नहीं दिए जाने पर आधी रात से एक दिन की हड़ताल पर चले गए। पायलटों की हड़ताल की वजह से हवाई सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हुई।
समाचार एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक, सैलरी में इजाफे को लेकर लुफ्थांसा एयरलाइंस के पायलटों से विमान कंपनी की बातचीत फेल हो गई और पायलट हड़ताल पर चले गए। इससे यात्रियों और कार्गो दोनों सेवाएं प्रभावित हुई।
दिल्ली में फंसे 700 यात्री : जर्मनी की लुफ्थांसा एयरलाइन द्वारा, पायलटों की हड़ताल के कारण अपनी दो उड़ानें रद्द करने के बाद शुक्रवार को करीब 700 यात्री इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के टर्मिनल-3 पर फंस गए। यात्रियों के परिवार वाले व रिश्तेदार हवाई अड्डे के बाहर एकत्रित हो गए और पैसे वापस करने या कोई वैकल्पिक व्यवस्था करने की मांग करने लगे।
पुलिस उपायुक्त (हवाई अड्डा) तनु शर्मा ने बताया कि भीड़ के एकत्रित होने से जाम भी लग गया। वे लोग टर्मिनल इमारत में फंसे अपने रिश्तेदारों की टिकट के पैसे वापस करने या कोई अन्य व्यवस्था करने की मांग कर रहे थे। उन्होंने बताया कि बिना किसी पूर्व जानकारी के उड़ानें रद्द किए जाने से वे नाराज हो गए। बाद में सीआईएसएफ और हवाई अड्डा कर्मचारियों ने उन्हें शांत कराया।
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Publish Date: Fri, 02 Sep 2022 (14:51 IST)
Updated Date: Fri, 02 Sep 2022 (19:21 IST)